संवाददाता@रामकेश यादव……

कर्मा थानांतर्गत टिकुरिया गांव निवासी एक गर्भवती महिला को बुधवार की शाम पेट मे दर्द होने के कारण केकराही स्थित एक निजी अस्पताल मे भर्ती कराया गया, जहा अस्पताल के सर्जन डा0 पियूष श्रीवास्तव द्वारा पेट मे बच्चा मरा होने पर आपरेशन किया गया, मरीज की स्थिति गंभीर होने के कारण परिजन मरीज को लेकर रात 11 बजे वाराणसी स्थित मेट्रो हॉस्पिटल चितईपुर भर्ती कराये, जहा गुरुवार को गर्भवती महिला की मौत हो गयी।

जिसको लेकर परिजन गुरुवार की शाम केकराही पहुंचकर अस्पताल के सामने हंगामा करने लगे।सूचना मिलते ही करमा थाना प्रभारी मय पुलिस फोर्स पहुंचकर परिजनों को समझाने मे जुट गये।समाचार लिखे जाने तक परिजन मुआयजा दिलाने की शर्त पर डटे रहे।
मृतक के पति रामजी ने बताया कि उनकी पत्नी संतोषी देवी उम्र 25 वर्ष निवासी पुरखास जो प्रसव के लिए पीएचसी में भर्ती कराया गया था, जहां महिला नर्स चिंता ने बताया कि बच्चा उल्टा है, प्रसूता को केकराही के निजी अस्पताल मेडिसिटी हॉस्पिटल के डॉक्टर से बात कर निजी अस्पताल उनके निजी वाहन से यहां भेज दिया, यहां आने पर चिकित्सक ने बताया कि उनका बच्चा पेट में मर गया है ऑपरेशन करना पड़ेगा ऑपरेशन के दौरान स्थिति गंभीर होने की बात कह कर उन्हें वाराणसी रेफर कर दिया गया जहां उनकी पत्नी की मौत हो गई।

निजी अस्पताल के प्रबंध निदेशक डा0 अमन कुमार ने बताया कि गंभीर स्थिति मे मरीज को अस्पताल लाया गया था, स्थिति गंभीर होने के कारण रेफर कर दिया गया था, मरीज के परिजन किसी के बहकावे मे आकर वापस आने पर दबाव बनाने के लिए हंगामा कर रहे है।

उन्होंने बताया कि मेरा हॉस्पिटल रजिस्टर्ड हॉस्पिटल है, परिजनों के दबाव बनाने पर मरीज को बचाने के लिए पेट मे मृतक बच्चे का ऑपरेशन सर्जन डा0 पियूष श्रीवास्तव द्वारा बुधवार की शाम किया गया था। करमा थाना प्रभारी सूर्यभान भी दलबल के साथ मौजूद रहे।






