संवाददाता@संदीप अग्रहरी…..

म्योरपुर क्षेत्र में राखड़ लदे भारी वाहनों की आवाजाही से सड़क और बाजार की हालत बिगड़ती जा रही है। व्यापारियों का आरोप है कि इन वाहनों से रोजाना सड़क पर गीली राखड़ गिर रही है। यही राखड़ सूखने के बाद वाहनों के गुजरते ही धूल और राखड़ के गुबार में बदल जाती है।
सड़क पर गिरती राखड़, हवा में उड़ता गुबार : स्थानीय व्यापारियों के मुताबिक, भारी वाहनों के गुजरने के दौरान सड़क पर पड़ी राखड़ उड़कर बाजार की दुकानों तक पहुंच जाती है। कुछ ही देर में पूरा इलाका धूल और राखड़ के गुबार से घिर जाता है। दुकानदारों का कहना है कि इससे दुकानों में रखा सामान भी प्रभावित हो रहा है।

राहगीरों को भी झेलनी पड़ रही परेशानी: राखड़ उड़ने से सड़क से गुजरने वाले राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भारी वाहन निकलते ही सड़क पर राखड़ का गुबार उठने से कुछ समय के लिए आसपास का वातावरण धूल और राखड़ से भर जाता है। राहगीरों का कहना है कि बाजार क्षेत्र में पैदल और दोपहिया वाहन से गुजरना मुश्किल हो रहा है।

रोज-रोज की परेशानी से व्यापारी परेशान : व्यापारियों का कहना है कि सड़क पर लगातार राखड़ जमा होने से समस्या बढ़ती जा रही है। वाहनों के पहियों से राखड़ सड़क पर दूर तक फैल जाती है और हवा चलने पर बाजार में उड़ने लगती है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, यह समस्या लंबे समय से बनी हुई है। इसके बावजूद राखड़ परिवहन करने वाले वाहनों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से स्थिति में खास बदलाव नहीं आया है।

प्रशासन से कार्रवाई की मांग: व्यापारियों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से राखड़ लदे वाहनों की जांच कराने, वाहनों को पूरी तरह ढककर राखड़ का परिवहन सुनिश्चित कराने और सड़क पर गिरने वाली राखड़ की नियमित सफाई कराने की मांग की है।
व्यापारियों का कहना है कि यदि जल्द इस समस्या का समाधान नहीं हुआ तो बाजार में दुकानदारी करना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने जिम्मेदार विभागों से मौके पर निरीक्षण कर समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है।
