संवाददाता@विशाल टंडन…..

केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन योजना के तहत हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने का कार्य युद्धस्तर पर चल रहा है। विभागीय स्तर पर कई गांवों में जलापूर्ति शुरू होने का दावा किया जा रहा है, लेकिन रॉबर्ट्सगंज-घोरावल मार्ग स्थित कैथी द्वितीय गांव में हालात इसके विपरीत नजर आ रहे हैं।
यहां अधिकांश घरों में पाइपलाइन और कनेक्शन तो लगाए जा चुके हैं, लेकिन नलों से पानी नहीं पहुंच रहा है। ग्रामीण रमेश कुमार, किशुन ने बताया कि गांव में लगभग 100 परिवार निवास करते हैं। सभी को पाइपलाइन से जोड़ दिया गया है, लेकिन अब तक अधिकांश घरों में पानी की आपूर्ति शुरू नहीं हुई है। पूनम देवी के अनुसार गांव के प्रवेश द्वार के पास दो-तीन घरों में ही पानी आता है, जबकि बाकी सभी नल सूखे पड़े हैं।
ग्रामीण शिवा, लवकुश का कहना है कि जल जीवन मिशन से लोगों को काफी उम्मीदें थीं, लेकिन पानी न मिलने से ग्रामीणों में निराशा है। वहीं ग्राम प्रधान प्रतिनिधि ओमप्रकाश मौर्य ने बताया कि गांव में मुश्किल से 10 प्रतिशत घरों तक ही पानी पहुंच पा रहा है। उन्होंने कहा कि कुछ घरों को छोड़ दिया जाए तो अधिकांश कनेक्शन केवल शोपीस बनकर रह गए हैं।

ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि जहां-जहां पानी छोड़ा गया, वहां पाइपलाइन में लीकेज की समस्या सामने आ रही है। रिसाव के कारण जगह-जगह गड्ढों में पानी भर रहा है, जिससे आवागमन में भी परेशानी हो रही है।भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट झेल रहे ग्रामीणों का कहना है कि नल कनेक्शन होने के बावजूद उन्हें हैंडपंपों और टैंकरों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
इस संबंध में विभागीय अधिकारियों ने बताया कि गांव में पाइपलाइन की टेस्टिंग का कार्य चल रहा है, जिसमें लगभग 60 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। अधिकारियों का दावा है कि परीक्षण कार्य पूरा होते ही गांव में नियमित जलापूर्ति शुरू कर दी जाएगी।





