संवाददाता@संदीप अग्रहरी….

म्योरपुर विकास खंड सभागार में शुक्रवार को ब्लॉक प्रमुख मान सिंह गौड़, उत्तर प्रदेश अनुसूचित जनजातीय आयोग के उपाध्यक्ष एवं राज्यमंत्री जीत सिंह खरवार तथा खंड विकास अधिकारी दिनेश कुमार मिश्र की अध्यक्षता में ब्लॉक स्तरीय बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्यमंत्री के संकल्प के अनुसार आकांक्षी जनपद सोनभद्र को दिसंबर 2026 तक बाल श्रम मुक्त जनपद घोषित किए जाने के लक्ष्य पर विस्तार से चर्चा की गई।
आगामी 12 जून को अंतर्राष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर नगर पंचायत रेनुकूट के छह वार्डों को बाल श्रम मुक्त घोषित किए जाने की जानकारी दी गई। बैठक में सभी संबंधित विभागों की सहमति से विकास खंड म्योरपुर की चार ग्राम पंचायतों गड़िया, बलियरी, रासपहरी और बभनडीहा को बाल श्रम मुक्त पंचायत घोषित किए जाने का प्रस्ताव पारित किया गया।

इस दौरान बाल श्रम उन्मूलन अभियान के तहत अब तक की गई प्रगति की समीक्षा की गई। बाल श्रमिक बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने, उनके परिवारों के आर्थिक एवं सामाजिक पुनर्वासन, बीओसीडब्ल्यू कार्ड, बाल सेवा योजना, कन्या सुमंगला योजना सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने तथा जनजागरूकता गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में चारों ग्राम पंचायतों को बाल श्रम मुक्त ग्राम पंचायत घोषित किए जाने के लिए प्राप्त प्रस्तावों पर विचार-विमर्श किया गया तथा उन्हें विकास खंड स्तर से अनुमोदित कर अग्रिम कार्रवाई के लिए प्रेषित करने का निर्णय लिया गया।

बैठक में खंड शिक्षा अधिकारी सुनील कुमार, बाल विकास परियोजना अधिकारी, बाल कल्याण अधिकारी, श्रम प्रवर्तन अधिकारी दुद्धी मनोज शर्मा, श्रम प्रवर्तन अधिकारी पिपरी दिनेश चंद्र सरोज, सहायक लेखाकार सुरेश कुमार, नीति आयोग की चाइल्ड राइट्स एसोसिएट पूजा यादव तथा यूनिसेफ एवं पीसीआई इंडिया के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।





