संवाददाता@विशाल टंडन….

ग्राम पंचायत कोटा के विभिन्न आदिवासी बहुल टोले आज भी पेयजल और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। इस गंभीर समस्या को लेकर समाजवादी छात्र सभा के जिला उपाध्यक्ष एवं पूर्व छात्र संघ मंत्री दीपू शर्मा ने रविवार को कलेक्ट्रेट परिसर में अपर जिलाधिकारी रमेश चंद्र को ज्ञापन सौंपकर तत्काल कार्रवाई की मांग की।
दीपू शर्मा ने बताया कि शासन की “हर घर जल योजना” एवं विद्युत योजनाओं का लाभ अब तक ग्राम पंचायत कोटा के कई दूरस्थ आदिवासी टोले तक नहीं पहुंच सका है। भीषण गर्मी के बीच ग्रामीण दूषित जल स्रोतों, चूहाड़ और नालों का पानी पीने को मजबूर हैं, जिससे संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि मनीजराडंडी, बसुधा, सरपतवा, हेठुआ, जुड़वानी और बरसौना जैसे टोले आज भी शुद्ध पेयजल की समुचित व्यवस्था से वंचित हैं।

वहीं मनीजराडंडी, मझौली, हड़हाखोली, सनातडण्डी, हेठुआ, धवाईडण्डी, खरदलडण्डी, सलइबनवा पूर्वी एवं बसुधा पश्चिमी जैसे क्षेत्रों में आजादी के दशकों बाद भी बिजली नहीं पहुंच सकी है। दीपू शर्मा ने कहा कि यह विडंबना है कि जिस सोनभद्र की बिजली आधे भारत को रोशन करती है, वहीं के आदिवासी ग्रामीण अंधेरे में जीवन यापन करने को मजबूर हैं।
उन्होंने एडीएम से मांग की कि प्रभावित टोले एवं मजरों में स्थलीय जांच कराकर शीघ्र शुद्ध पेयजल और विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराई जाए। इस दौरान राकेश कुमार, दीपक चौधरी, तुलसीदास, दीपक तथा सोनू अशोक समेत कई ग्रामीण मौजूद रहे।