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Lakshya Sen final all englad open: लक्ष्य सेन ने शानदार जीत दर्ज कर ऑल इंग्लैंड ओपन के फाइनल में जगह बना ली है. भारत क्या इस टूर्नामेंट में 25 साल का खिताबी सूखा इस बार खत्म कर पाएगा. लक्ष्य 2022 में उपविजेता रहे थे, इसलिए यह उनका दूसरा ऑल इंग्लैंड फाइनल होगा.

लक्ष्य सेन चैंपियन बनने से कदम दूर.
बर्मिंघम. भारत के स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी लक्ष्य सेन ने अपने पैर में छाले और मांसपेशियों में खिंचाव के बावजूद शनिवार को यहां कनाडा के विक्टर लाई को हराकर ऑल इंग्लैंड ओपन के पुरुष एकल फाइनल में जगह बना ली है. अब वह इस बड़े खिताब के लिए भारत का 25 साल का इंतजार खत्म करने से सिर्फ एक जीत दूर हैं. यह मैच लक्ष्य के करियर के सबसे अच्छे मुकाबलों में से एक रहा. उन्होंने एक घंटे 37 मिनट तक चले संघर्ष में 21 साल के लाई को 21-16, 18-21, 21-15 से हराया, जिन्होंने पिछले साल पेरिस में वर्ल्ड चैंपियनशिप में ब्रॉन्ज मेडल जीता था.
लक्ष्य सेन (Lakshya Sen) 2022 में उपविजेता रहे थे, इसलिए यह उनका दूसरा ऑल इंग्लैंड फाइनल होगा. अल्मोड़ा के 24 साल के खिलाड़ी का सामना अब रविवार को फाइनल में दुनिया के 11वें नंबर के खिलाड़ी चीनी ताइपे के लिन चुन-यी से होगा. वह इसमें जीतकर इतिहास बनाना चाहेंगे. भारत के लिए अब तक सिर्फ प्रकाश पादुकोण (1980) और पुलेला गोपीचंद (2001) ही ऑल इंग्लैंड खिताब जीत पाए हैं. इनके अलावा सिर्फ प्रकाश नाथ (1947) और साइना नेहवाल (2015) उपविजेता बनकर इसके करीब पहुंचे थे.
लक्ष्य सेन चैंपियन बनने से कदम दूर.
लक्ष्य ने जबरदस्त मानसिक मजबूती, मजबूत डिफेंस और सटीक स्ट्रोक दिखाए. उन्होंने मुश्किल रैलियों में 86 शॉट लगाए. मैच की शुरुआत 52 शॉट की रैली से हुई. दोनों शटलर एक-दूसरे के डिफेंस को तोड़ते हुए 3-3 और 4-4 पर बराबरी पर थे. लाई के ऊंचे टॉस शॉट ने कई बार लक्ष्य को चौंका दिया, लेकिन भारतीय खिलाड़ी ने अपने स्ट्रोकप्ले पर भरोसा रखते हुए स्कोर 8-8 से बराबर रखा. फिर लक्ष्य 10-8 से आगे हो गए, लेकिन लाई ने सीधे स्मैश और एक अच्छा नेट शॉट लगाकर स्कोर फिर बराबर कर लिया. लक्ष्य ने ब्रेक तक फोरहैंड ड्राइव से एक अंक की मामूली बढ़त बना ली.
फिर वह कई सटीक स्मैश और नेट प्ले से 18-16 से आगे हो गए. लाई के लंबा शॉट मारने और एक शॉट से चूकने से लक्ष्य ने जल्दी ही चार गेम प्वाइंट हासिल कर लिए और आक्रामक स्ट्रोक लगाकर पहला गेम जीत लिया. दूसरा गेम भी बराबरी पर शुरू हुआ, लेकिन लक्ष्य को अपने पैर के छालों के इलाज के लिए थोड़ी देर के लिए कोर्ट से बाहर जाना पड़ा, तब वह 3-4 से पीछे थे. खेल दोबारा शुरू होने पर लाई ने शानदार डिफेंस के दम पर 9-4 की बढ़त बना ली जिसमें 59 शॉट की शानदार रैली भी थी. लक्ष्य ने ड्रॉप शॉट, सटीक बैकलाइन पुश और तेज नेट प्ले से धीरे-धीरे वापसी की, लेकिन लाई ने ब्रेक तक चार अंक की बढ़त बनाए रखी. भारतीय खिलाड़ी ने सटीक बैकलाइन रिटर्न से 16-16 से बराबरी कर ली. लेकिन कनाडा के खिलाड़ी ने संयम बनाए रखा और फिर से 18-16 से बढ़त ले ली.
उन्होंने इसके बाद दो गेम प्वाइंट भी लिए और लक्ष्य का रिटर्न वाइड जाने से दूसरा गेम जीतकर 1-1 से बराबरी कर ली. निर्णायक गेम में लक्ष्य शुरू में 4-2 से आगे हो गए. डाइव के दौरान ऊंगली में चोट लगने के बाद लाई ने मेडिकल टाइमआउट लिया. कनाडाई खिलाड़ी ने फिर स्कोर 4-4 से बराबर किया. लेकिन 86 शॉट की थका देने वाली रैली के बाद चेयर अंपायर ने फैसला करते हुए लक्ष्य को अंक दे दिया कि शटल लाई से टकराई थी. लक्ष्य ने धीरे-धीरे बढ़त बनाई क्योंकि लाई के चेहरे पर थकान दिखने लगी थी. भारतीय खिलाड़ी 9-6 से आगे हो गया. एक जोरदार स्मैश और तेज नेट शॉट ने उन्हें ब्रेक तक 11-7 की बढ़त दिला दी.
ब्रेक के दौरान लक्ष्य की जांघ की मांसपेशियों का इलाज किया गया और बाद में कोर्ट पर देर से लौटने पर उन्हें येलो कार्ड दिखाया गया. मांसपेशियों में खिंचाव के बावजूद लक्ष्य ने तब 15-9 की बढ़त बना ली जब लाई का रिटर्न शॉट वाइड चला गया. जैसे-जैसे मुकाबला एक घंटे 30 मिनट पार कर गया, गलतियां भी बढ़ने लगीं जिससे लाई ने अंतर 14-16 तक कम कर दिया. लेकिन भारतीय खिलाड़ी ने फिर से जोश दिखाया और एक स्मैश मारकर स्कोर 17-14 कर दिया.
फिर जब लाई ने वाइड शॉट लगाया तो बढ़त 18-15 हो गई. एक जबरदस्त स्मैश के बाद लक्ष्य जीत से सिर्फ दो अंक दूर थे और लाई की नेट गलती ने भारतीय खिलाड़ी को पांच मैच प्वाइंट दिला दिए. उन्होंने एक और दमदार स्मैश के साथ यादगार जीत पक्की कर ली
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करीब 15 साल से पत्रकारिता में सक्रिय. दिल्ली यूनिवर्सिटी से पढ़ाई. खेलों में खासकर क्रिकेट, बैडमिंटन, बॉक्सिंग और कुश्ती में दिलचस्पी. IPL, कॉमनवेल्थ गेम्स और प्रो रेसलिंग लीग इवेंट्स कवर किए हैं. फरवरी 2022 से…और पढ़ें
