संवाददाता@मिथिलेश जायसवाल……
— परिजनों की तहरीर पर कार्रवाई, निष्पक्ष जांच की मांग; डा. धर्मवीर तिवारी ने उठाया मामला

कोन के चेरवाडीह गांव में मंगलवार की देर शाम सड़क किनारे गंभीर रूप से घायल और अचेत अवस्था में मिले युवक नीतीश तिवारी उर्फ बाटा (34) की मौत के मामले में पुलिस ने दो युवकों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या सहित संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मृतक के पिता ललित तिवारी निवासी केवाल की तहरीर पर चेरवाडीह निवासी आनंद जायसवाल उर्फ सोनू पुत्र रामजनम जायसवाल और लोकेश पासवान पुत्र सुरेंद्र पासवान को नामजद किया गया है।
पुलिस को दी गई तहरीर में मृतक के पिता ने आरोप लगाया है कि नामजद दोनों युवकों से उनके पुत्र का पूर्व से विवाद चल रहा था और उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई थी। मंगलवार की शाम नीतीश अपनी बहन के घर चेरवाडीह आया था। आरोप है कि इसी दौरान उसका दोनों युवकों से विवाद हुआ। कुछ देर बाद वह बहन के घर के सामने सड़क पर सिर में गंभीर चोट के साथ खून से लथपथ अचेत अवस्था में मिला।

परिजन तत्काल उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कोन ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पिता ने तहरीर में आशंका जताई है कि नामजद युवकों ने ही उसके पुत्र के साथ मारपीट कर उसे सड़क पर फेंका, जिससे उसकी मौत हुई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष डा. धर्मवीर तिवारी गुरुवार को कोन पहुंचे और परिजनों से घटना की जानकारी ली। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा वास्तविक दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। डा. तिवारी ने कहा कि घटना की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए विवेचना किसी अन्य थाने की पुलिस से कराई जानी चाहिए, ताकि वास्तविक तथ्य सामने आ सकें और निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय न हो।

प्रभारी निरीक्षक अखिलेश कुमार मिश्र ने बताया कि मृतक के पिता की तहरीर के आधार पर दो युवकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की विवेचना की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
