चुर्क संवाददाता@संजय सिंह…
..75 लाख रुपये होल्ड/फ्रीज, ठगी की रकम से खरीदी टाटा हैरियर, ₹2.10 लाख नकद और फर्जी हाईकोर्ट अधिवक्ता आईडी बरामद

डिजिटल अरेस्ट के नाम पर सेवानिवृत्त अधिकारी से करीब 2 करोड़ 36 लाख रुपये की साइबर ठगी करने वाले गिरोह का सोनभद्र पुलिस ने खुलासा किया है। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने मामले में मुख्य अभियुक्त समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार ठगी की रकम में से 75 लाख रुपये होल्ड/फ्रीज कराए गए हैं।
पुलिस के मुताबिक, 22 सितंबर को भारतीय स्टेट बैंक के शाखा प्रबंधक ने साइबर क्राइम पुलिस को सूचना दी कि एक सेवानिवृत्त व्यक्ति लगातार अलग-अलग खातों में बड़ी रकम ट्रांसफर कर रहा है और पूछताछ में स्पष्ट जानकारी नहीं दे रहा है। स्थिति संदिग्ध लगने पर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों ने हायर ज्यूडिशियरी और शासन के अधिकारियों का भय दिखाकर पीड़ित को डिजिटल अरेस्ट कर रखा था। आरोपियों ने अलग-अलग बैंक खातों में करीब 2.36 करोड़ रुपये ट्रांसफर करा लिए थे और लगातार और रकम की मांग कर रहे थे।

पुलिस के अनुसार आरोपी AI तकनीक का दुरुपयोग कर डीपफेक इमेज और फर्जी दस्तावेज तैयार कर पीड़ित को ब्लैकमेल और एक्सटॉर्शन कर रहे थे। इलेक्ट्रॉनिक एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी अरुण कुमार दूबे को प्रयागराज स्थित ओमेक्स अपार्टमेंट से गिरफ्तार किया।उसकी निशानदेही पर कथित रूप से ठगी की रकम से खरीदी गई टाटा हैरियर कार और ₹2.10 लाख नकद बरामद किए गए। मामले में सहयोग करने वाली दो महिलाओं को भी गिरफ्तार किया गया है।

गिरफ्तार आरोपी अरुण कुमार दूबे पुत्र हर्ष प्रसाद दूबे, विजयपुर कलना, चुनार, मिर्जापुर। प्रियंका मिश्रा पत्नी स्व. संतोष कुमार मिश्रा, घोड़गल्ली, श्रीवर्धन, रायगढ़, महाराष्ट्र। तेजल पुत्री स्व. संतोष कुमार मिश्रा, घोड़गल्ली, श्रीवर्धन, रायगढ़, महाराष्ट्र। पुलिस ने मामले में संबंधित बैंक खातों पर रोक लगाने के साथ आरोपियों द्वारा इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबरों और बैंक खातों की निगरानी भी शुरू की थी। अभियुक्तों को गिरफ्तार करने में प्र० नि०धिरेन्द्र कुमार चौधरी साइबर थाना, साइबर सेल, प्र०नि०नागेश कुमार सिंह थाना ओबरा, उ०नि०बृजेश दुबे साइबर थाना, हे०का० संजय वर्मा साइबर थाना, हे०का० मनीष सिंह, स्वाट टीम,का०जयप्रकाश सरोज स्वाट टीम, का० सुनील रावत शामिल रहे।
