संवाददाता@विशाल टंडन…

रॉबर्ट्सगंज नगर के व्यस्ततम महिला थाना तिराहे के पास नगर पालिका परिषद द्वारा महिलाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सितंबर 2025 में दो सीट वाले मूत्रालय का निर्माण कराया गया था। इस स्थान से प्रतिदिन बड़ी संख्या में ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के लोग बस, ऑटो तथा अन्य साधनों का इंतजार करते हैं। जिला अस्पताल, कचहरी और अन्य सरकारी कार्यालयों में आने-जाने वाले लोगों की भी यहां लगातार भीड़ रहती है।
मूत्रालय के निर्माण के साथ उस पर पानी की टंकी भी लगाई गई थी, लेकिन सबसे महत्वपूर्ण आवश्यकता पानी की नियमित व्यवस्था पर ध्यान नहीं दिया गया। परिणामस्वरूप कुछ ही दिनों बाद टंकी में पानी खत्म हो गया और लोगों ने आसपास गंदगी करना शुरू कर दिया। धीरे-धीरे मूत्रालय का उपयोग लगभग बंद हो गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि कभी-कभार सफाई तो कर दी जाती है, लेकिन नियमित देखरेख के अभाव में स्थिति जस की तस बनी रहती है।

स्थिति तब और खराब हो गई जब 13 मई को आई तेज आंधी में मूत्रालय के ऊपर लगी पानी की टंकी गिर गई। लगभग 20 दिन बीतने के बाद भी टंकी को दोबारा स्थापित नहीं किया गया है। मूत्रालय के दरवाजे भी जाम हो चुके हैं, जिससे महिलाएं इसका उपयोग करने से कतराती हैं। इस संबंध में नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि आसपास पानी का कनेक्शन नहीं होने के कारण टंकी नियमित रूप से नहीं भरी जा पा रही है।
फिलहाल टैंकर के माध्यम से पानी उपलब्ध कराने तथा सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में स्थायी जलापूर्ति की व्यवस्था भी की जाएगी। हालांकि सवाल यह है कि जब मूत्रालय के ऊपर पानी की टंकी लगाई गई थी, तब पानी की उपलब्धता सुनिश्चित किए बिना निर्माण कार्य क्यों कराया गया।

करीब एक वर्ष बीत जाने के बाद भी नगर पालिका इस मूलभूत आवश्यकता की व्यवस्था नहीं कर पाई है, जिससे लाखों रुपये की लागत से बनी सुविधा लोगों के लिए बेकार साबित हो रही है। स्थानीय नागरिकों ने नगर पालिका परिषद से इसके उचित समाधान की मांग की है।





