मुख्यालय संवाददाता@विशाल टंडन…
..पोल-तार और कनेक्शन की मांग को लेकर ग्रामीणों ने अधीक्षण अभियंता को सौंपा ज्ञापन, 21 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी

जुगैल क्षेत्र के विद्युत-विहीन आदिवासी टोलों में बिजली की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग को लेकर मंगलवार को ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के अधीक्षण अभियंता को ज्ञापन सौंपा। राहुल पांडेय, युवा जनसेवक,व्यापार मंच अध्यक्ष अपना दल (एस), जुगैल क्षेत्र के नेतृत्व में दर्जनों ग्रामीण विद्युत वितरण खंड रॉबर्ट्सगंज पहुंचे और बगडेवा, पुसरेव, सलैयापान, गर्दा-गर्दी, घोड़ा घाट, कसनार समेत आसपास के कई आदिवासी टोलों में तत्काल बिजली पहुंचाने की मांग की।

राहुल पाण्डेय का कहना है कि स्वतंत्रता के दशकों बाद भी इन टोलों के अनेक परिवार बिजली जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित हैं। कई स्थानों पर अभी तक विद्युत पोल नहीं लगाए गए हैं और न ही तार खींचे गए हैं। इसके कारण ग्रामीणों को अंधेरे में जीवन गुजारना पड़ रहा है। सबसे अधिक परेशानी बच्चों को पढ़ाई में होती है। शाम होने के बाद पढ़ाई के लिए पर्याप्त रोशनी नहीं मिल पाती। वहीं रात के समय आवागमन और सुरक्षा को लेकर भी ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
मोती लाल, रामलाल प्रजापति, प्रभुनाथ ने प्रभावित टोलों का तत्काल स्थलीय सर्वे कराने, जहां पोल नहीं हैं वहां विद्युत पोल लगाने, आवश्यकतानुसार तार एवं अन्य विद्युत अवसंरचना स्थापित करने तथा पात्र परिवारों को नियमानुसार विद्युत कनेक्शन उपलब्ध कराने की मांग की। इसके साथ ही विभागीय अधिकारियों की टीम भेजकर वास्तविक स्थिति का जायजा लेने और समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने का आग्रह किया गया।

सुखम्बर राव, शिवनाथ ने कहा कि क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं को लेकर पूर्व में भी शासन और प्रशासन को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन बिजली की समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका। उनका कहना है कि अब केवल आश्वासन के बजाय धरातल पर काम शुरू होना चाहिए।

ज्ञापन के माध्यम से चेतावनी दी गई कि यदि 21 अक्टूबर तक विद्युत समस्या के समाधान की दिशा में ठोस कार्रवाई शुरू नहीं की गई तो ग्रामीण 21 अक्टूबर 2026 से शांतिपूर्ण अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेंगे। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति या विभाग का विरोध करना नहीं, बल्कि आदिवासी परिवारों को बिजली जैसी बुनियादी सुविधा दिलाना है।

इस दौरान लालता सिंह, सूरज प्रसाद, मुन्नी देवी, बिंदु, मुनिया देवी, मानमती, अंगद राम, हीरा मनी, सुरेंद्र राव, लल्लू, विनोद कुमार, दीनानाथ, देशराज और मोती लाल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

वही इस पर अधीक्षण अभियंता ज्ञानेंद्र सिंह का कहना है कि जिन मजरों में विद्युतीकरण नहीं हुआ है या आंशिक रूप से हुआ है उनकी सूची जनपद वार शासन को भेजी गई है अनुमोदन के पश्चात जल्द ही सभी जगह विद्युतीकरण पूर्ण कराया जाएगा।