संवाददाता@संदीप अग्रहरी……

म्योरपुर कस्बे में हनुमान मंदिर के समीप तालाब के किनारे खुले में मुर्गी, मटन और मछली के अवशेष फेंके जाने का मामला तूल पकड़ने लगा है। सड़कों के किनारे बेतरतीब ढंग से डाले जा रहे इन अवशेषों से उठ रही दुर्गंध के कारण स्थानीय लोगों, राहगीरों और श्रद्धालुओं का जीना मुश्किल हो गया है। क्षेत्रवासियों में इसको लेकर भारी नाराजगी है और प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की जा रही है।
युवा व्यापारी सुरेश केशरी ने आरोप लगाया कि शनिवार को लगने वाले म्योरपुर साप्ताहिक बाजार के दौरान कुछ मांस विक्रेता मुर्गी, मटन और मछली के अवशेष खुले में सड़क किनारे फेंक देते हैं। इससे पूरे इलाके में गंदगी फैल रही है और वातावरण दूषित हो रहा है। उन्होंने कहा कि कई बार समझाने के बावजूद संबंधित दुकानदार अपनी मनमानी से बाज नहीं आ रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मंदिर के आसपास फैली बदबू से श्रद्धालुओं के साथ-साथ आसपास के दुकानदारों और राहगीरों को भी काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे प्रशासन के खिलाफ आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
वहीं, ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि मंदिर और सार्वजनिक स्थलों के आसपास सफाई व्यवस्था सुनिश्चित कर खुले में मीट-मटन के अवशेष फेंकने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि लोगों को बदबू और गंदगी से राहत मिल सके।





