• Home
  • Privacy Policy
Friday, July 17, 2026
Sonebhadra Live
  • उत्तर प्रदेश
  • करियर
  • क्षेत्रीय
  • खेल
  • जीवन मन्त्र
  • जुर्म
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • राष्ट्रीय
  • वायरल वीडियो
  • सिंगरौली
  • सोनभद्र
No Result
View All Result
  • उत्तर प्रदेश
  • करियर
  • क्षेत्रीय
  • खेल
  • जीवन मन्त्र
  • जुर्म
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • राष्ट्रीय
  • वायरल वीडियो
  • सिंगरौली
  • सोनभद्र
No Result
View All Result
Sonebhadra Live
No Result
View All Result

स्पेन के सामने मेसी की चुनौती मगर सीने में दफन पुराना घाव, 90 साल पहले लाखों मौत का दर्द क्या है?

Admin by Admin
July 17, 2026
in खेल
0
स्पेन के सामने मेसी की चुनौती मगर सीने में दफन पुराना घाव, 90 साल पहले लाखों मौत का दर्द क्या है?
0
SHARES
2
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter


होमताजा खबरनॉलेज

स्पेन के सामने मेसी की चुनौती मगर सीने में दफन घाव, 90 साल पहले हुआ क्या था?

Last Updated:July 17, 2026, 16:52 IST

Spain Civil War: स्पेन की सड़कों पर जश्न की तैयारी है. फुटबॉल टीम वर्ल्ड चैंपियन बनने से महज एक कदम ही दूर है. आज 17 जुलाई की तारीख स्पेन के लिए ब्लैक चैप्टर की तरह से है. दो दिन बाद वर्ल्ड कप जीतने की उम्मीद के साथ ही आंखों में 90 साल पुराने दर्द के आंसू भी हैं. ये वो दौर था, जिसमें लाखों लोगों की मौत का इतिहास दफन है.

स्पेन के सामने मेसी की चुनौती मगर सीने में दफन घाव, 90 साल पहले हुआ क्या था?  Zoom

स्पेनिश सिविल वार

Spain Vs Argentina Fifa Final Match: स्पेन देश इस समय अलग ही रंग में डूबा हुआ है. राजधानी मैड्रिड से लेकर बार्सिलोना और वालेंसिया तक जश्न मनाने की तैयारी शुरू हो गई है. इसकी वजह से फुटबॉल विश्वकप. अपने सधी हुई तकनीक, लय और धैर्य की बदौलत स्पेन फाइनल तक पहुंच चुका है. फीफा ट्रॉफी चूमने से बस एक कदम दूर खड़े इस देश के सामने लियोनल मेसी की अगुवाई वाली अर्जेंटीना टीम की निर्णायक चुनौती है. लेकिन खुशी के इस मौके के बीच कुछ पुराने जख्म भी छिपे हैं. आज 17 जुलाई की तारीख स्पेन के लिए ब्लैक चैप्टर की तरह से है. दो दिन बाद वर्ल्ड कप जीतने की उम्मीद के साथ ही आंखों में 90 साल पुराने दर्द के आंसू भी हैं. ये वो दौर था, जिसमें लाखों लोगों की मौत का इतिहास दफन है.

इतिहास के पन्नों में 17 जुलाई 1936 का दिन एक ब्लैक चैप्टर के रूप में दर्ज है. इसी दिन स्पेन में एक ऐसा भीषण गृह युद्ध शुरू हुआ, जिसने अगले तीन सालों तक पूरे देश को लाशों के ढेर में तब्दील कर दिया. इस सिविल वार में करीब 5 लाख से अधिक लोग मारे गए थे. यह युद्ध केवल दो सेनाओं के बीच नहीं, बल्कि दो विचारधाराओं के बीच लड़ा गया. एक तरफ लोकतंत्र और समाजवाद के पैरोकार रिपब्लिकन थे. दूसरी तरफ तानाशाही और फासीवादी विचार वाले थे. आखिर स्पेन में इस खूनी संघर्ष की नौबत क्यों आई?

साल 1931 तक स्पेन में राजशाही व्यवस्था थी. भारी जन-आक्रोश के बाद राजा अल्फोंसो XIII को देश छोड़ना पड़ा और स्पेन में सेकेंड रिपल्बिक की स्थापना हुई. लेकिन यह लोकतंत्र देश को स्थिरता नहीं दे सका. स्पेन वैचारिक रूप से दो धड़ों में बंट गया. लेफ्ट और रिपब्लिकन धड़े में इसमें मजदूर, किसान, समाजवादी और कम्युनिस्ट शामिल थे. ये लोग बदलाव चाहते थे. वहीं दक्षिणपंथी खेमे में बड़े जमींदार, कैथोलिक चर्च और सेना के बड़े अधिकारी शामिल थे. ये लोग रूढ़िवादी व्यवस्था को बनाए रखना चाहते थे.

किस वजह से भड़की चिंगारी?
1931 से 1936 के बीच सत्ता में आई वामपंथी सरकारों ने कई ऐसे बड़े सुधार लागू किए, जिससे देश का अमीर और प्रभावशाली वर्ग भड़क गया. इसमें कुछ मुख्य बातें थीं.

  1. भूमि सुधार: सरकार ने बड़े जमींदारों से जमीनें छीनकर गरीब किसानों में बांटनी शुरू कर दी. इससे जमींदार वर्ग सरकार का कट्टर दुश्मन बन गया.
  2. चर्च की शक्तियों पर लगाम: स्पेनिश समाज पर कैथोलिक चर्च का गहरा प्रभाव था. नई सरकार ने शिक्षा को चर्च से अलग कर दिया और पादरियों के विशेषाधिकार खत्म कर दिए, जिससे धार्मिक वर्ग नाराज हो गया.
  3. सेना में छंटनी: रिपब्लिकन सरकार ने सेना के बजट में कटौती की और कई रूढ़िवादी जनरलों को हटा दिया, जिससे सेना के भीतर असंतोष चरम पर पहुंच गया.

1936 का चुनाव और खूनी दौर
फरवरी 1936 में स्पेन में आम चुनाव हुए, जिसमें वामपंथी दलों के गठबंधन ‘पॉपुलर फ्रंट’ को जीत मिली. इस जीत के बाद देश में दंगों और राजनीतिक हिंसा का दौर शुरू हो गया. 12 जुलाई 1936 को एक वामपंथी पुलिस अधिकारी ‘लेफ्टिनेंट कैस्टिलो’ की हत्या कर दी गई. इसके बदले में अगले ही दिन 13 जुलाई को वामपंथी झुकाव वाले पुलिसकर्मियों ने स्पेन के प्रमुख दक्षिणपंथी नेता ‘खोस मोरिया काल्वो सोटेलो’ की गोली मारकर हत्या कर दी. इस हाई-प्रोफाइल हत्या ने सेना को तख्तापलट करने का बहाना दे दिया.

कैसे भड़का गृह युद्ध?
17 जुलाई 1936 को स्पेन के उपनिवेश मोरक्को में तैनात सेना ने जनरल एमिलियो मोला और जनरल फ्रांसिस्को फ्रैंको के नेतृत्व में चुनी हुई सरकार के खिलाफ तख्तापलट का बिगुल फूंक दिया. यह विद्रोह पूरे स्पेन में फैल गया. सरकार के वफादार नागरिक और मजदूर हथियारों के साथ सेना के खिलाफ खड़े हो गए और देश गृह युद्ध की आग में झुलस गया. इसी 17 जुलाई के दिन को ब्लैक डे के रूप में याद किया जाता है.

यह दूसरे विश्वयुद्ध से 3 साल पहले की घटना है. इस समय तक दुनिया की महाशक्तियां दो धड़ों में बंट चुकी थीं. स्पेन में हो रहे बवाल में इन सभी को वर्ल्ड वार का सेमीफाइनल खेलने का मौका मिल गया. इससे सिविल वार ने भयावह रूप ले लिया. जर्मनी के एडोल्फ हिटलर, इटली के बेनिटो मुसोलिनी जैसे फासीवादी नेताओं ने स्पेन में विद्रोहियों की कमान संभाल रहे जनरल फ्रैंको की मदद के लिए टैंक, लड़ाकू विमान, हथियार भेजे.

वहीं दूसरी तरफ रिपबल्किन लोकतांत्रिक सरकार की मदद के लिए सोवियत संघ रूस के साथ ही वामपंथ सपोर्टर इंटरनैशनल ब्रिगेड्स के लोग सामने आए. यह गृहयुद्ध तीन साल तक खिंच गया. हिटलर और मुसोलिनी की मदद के बूते 1 अप्रैल 1939 को जनरल फ्रांसिस्को फ्रैंको ने सरकार को उखाड़ फेंका और मैड्रिड पर कब्जा कर लिया. इसके साथ ही स्पेन में लोकतंत्र खत्म हुआ और अगले 36 साल यानी 1975 तक के लिए जनरल फ्रैंको की तानाशाही स्थापित हो गई.

About the Author

authorimg

ऐश्वर्य कुमार राय

ऐश्वर्य कुमार राय नेटवर्क 18 ग्रुप में जर्नलिस्ट हैं. वह यहां डेप्युटी न्यूज एडिटर के तौर पर देश और दुनिया के घटनाक्रमों पर विस्तृत रिपोर्ट्स कवर करते हैं. न्यूज 18 हिंदी में दिसंबर 2025 से जुड़े ऐश्वर्य यहां न…और पढ़ें

News18 न्यूजलेटर

अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज

खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में

Location :

New Delhi,New Delhi,Delhi



Source link

Previous Post

मुख्यालय. सड़क बनी तालाब, तीन साल से ग्रामीण बेहाल

Next Post

सोनभद्र. आबादी के पास हो रही ब्लास्टिंग से भड़के ग्रामीण, पत्थर खदान का काम कराया बंद

Next Post

सोनभद्र. आबादी के पास हो रही ब्लास्टिंग से भड़के ग्रामीण, पत्थर खदान का काम कराया बंद

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

उत्तर प्रदेश

पालतु कत्तों के मालिकों को भी मिलेगा सबक.. यूपी में कुत्तों को आजीवन कारावास के आदेश के बाद दो गुटों बंटी जनता, कुछ ने कहा- कुत्तों के काटने पर लगेगा लगाम

पालतु कत्तों के मालिकों को भी मिलेगा सबक.. यूपी में कुत्तों को आजीवन कारावास के आदेश के बाद दो गुटों बंटी जनता, कुछ ने कहा- कुत्तों के काटने पर लगेगा लगाम

September 16, 2025
रूपईडीहा में डाका डालने की नोटिस से दहशत, पुलिस जांच में जुटी.

रूपईडीहा में डाका डालने की नोटिस से दहशत, पुलिस जांच में जुटी.

September 16, 2025
TET अनिवार्यता पर ढाई लाख शिक्षकों के पक्ष में सीएम योगी ने लिया बड़ा स्टैंड, रिवीजन याचिका दाखिल करने के दिए निर्देश

TET अनिवार्यता पर ढाई लाख शिक्षकों के पक्ष में सीएम योगी ने लिया बड़ा स्टैंड, रिवीजन याचिका दाखिल करने के दिए निर्देश

September 16, 2025
Kaushambi News: लड़की का ‘जानी दुश्मन’ बना सांप, 40 दिनों में 10 बार काटा और फिर अब जो हुआ वो…

Kaushambi News: लड़की का ‘जानी दुश्मन’ बना सांप, 40 दिनों में 10 बार काटा और फिर अब जो हुआ वो…

September 16, 2025
Gardening Tips: घर के गार्डन में लगा दें ये 5 फलदार पौधे, सेहत के लिए रहेंगे फायदेमंद, जानें तरीका – Uttar Pradesh News

Gardening Tips: घर के गार्डन में लगा दें ये 5 फलदार पौधे, सेहत के लिए रहेंगे फायदेमंद, जानें तरीका – Uttar Pradesh News

September 16, 2025
संजीवनी बूटी से कम नहीं है इस पेड़ के पत्ते, पेट संबंधित बीमारियों में बेहद कारगर, तेजी से मिलेगा आराम – Uttar Pradesh News

संजीवनी बूटी से कम नहीं है इस पेड़ के पत्ते, पेट संबंधित बीमारियों में बेहद कारगर, तेजी से मिलेगा आराम – Uttar Pradesh News

September 16, 2025

RECENT POST (अभी -अभी)

  • सोनभद्र. आबादी के पास हो रही ब्लास्टिंग से भड़के ग्रामीण, पत्थर खदान का काम कराया बंद
  • स्पेन के सामने मेसी की चुनौती मगर सीने में दफन पुराना घाव, 90 साल पहले लाखों मौत का दर्द क्या है?
  • मुख्यालय. सड़क बनी तालाब, तीन साल से ग्रामीण बेहाल
  • चूर्क. एसएपी ने पुलिस लाइन चुर्क में शुक्रवार परेड का किया निरीक्षण, वाहनों व व्यवस्थाओं की जांच
  • मधुपुर. सीएचसी में घुसकर दबंगों का हमला, अधीक्षक समेत कई घायल; रिकॉर्ड रजिस्टर फाड़ा, ओपीडी सेवा रही बाधित

Categories

  • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • राष्ट्रीय
  • सिंगरौली
  • सोनभद्र

अभी -अभी

  • सोनभद्र. आबादी के पास हो रही ब्लास्टिंग से भड़के ग्रामीण, पत्थर खदान का काम कराया बंद
  • स्पेन के सामने मेसी की चुनौती मगर सीने में दफन पुराना घाव, 90 साल पहले लाखों मौत का दर्द क्या है?

उत्तर प्रदेश

पालतु कत्तों के मालिकों को भी मिलेगा सबक.. यूपी में कुत्तों को आजीवन कारावास के आदेश के बाद दो गुटों बंटी जनता, कुछ ने कहा- कुत्तों के काटने पर लगेगा लगाम

पालतु कत्तों के मालिकों को भी मिलेगा सबक.. यूपी में कुत्तों को आजीवन कारावास के आदेश के बाद दो गुटों बंटी जनता, कुछ ने कहा- कुत्तों के काटने पर लगेगा लगाम

September 16, 2025
रूपईडीहा में डाका डालने की नोटिस से दहशत, पुलिस जांच में जुटी.

रूपईडीहा में डाका डालने की नोटिस से दहशत, पुलिस जांच में जुटी.

September 16, 2025
TET अनिवार्यता पर ढाई लाख शिक्षकों के पक्ष में सीएम योगी ने लिया बड़ा स्टैंड, रिवीजन याचिका दाखिल करने के दिए निर्देश

TET अनिवार्यता पर ढाई लाख शिक्षकों के पक्ष में सीएम योगी ने लिया बड़ा स्टैंड, रिवीजन याचिका दाखिल करने के दिए निर्देश

September 16, 2025
  • Home
  • Privacy Policy

© 2025 Sonebhadra Live - Cliker Studio.

error: Content is protected !!
No Result
View All Result
  • उत्तर प्रदेश
  • करियर
  • क्षेत्रीय
  • खेल
  • जीवन मन्त्र
  • जुर्म
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • राष्ट्रीय
  • वायरल वीडियो
  • सिंगरौली
  • सोनभद्र

© 2025 Sonebhadra Live - Cliker Studio.