संवाददाता@विजय अग्रहरी……

घोरावल नगर में गायत्री भवन में बुधवार को गायत्री जयंती का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं द्वारा उल्लास पूर्वक प्रतिभाग कर सामूहिक रूप से गायत्री मंत्र का पाठ किया गया।इस अवसर पर गायत्री पूजन, भजन, प्रवचन, हवन एवं आरती का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में गायत्री परिवार आचार्य सुभाष मौर्य ने हवन, पूजन मुख्य यजमान अशोक कुमार अग्रहरी सपत्नीक द्वारा संपन्न कराया गया। इस अवसर पर गायत्री परिवार के प्रमुख रुप से राम जी मौर्य, श्याम सुंदर, देवनाथ, रामदेव, वंश नारायण, राम हंस, शैलेंद्र तिवारी इत्यादि ने गायत्री मंत्र के पाठ एवं पूजन की विशेषता पर विशेष प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा वेदमूर्ति तपोनिष्ठ पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा आरंभ किया गया गायत्री परिवार आज वटवृक्ष बन चुका है।

गायत्री मंत्र वैदिक संस्कृति का सबसे महान एवं शक्तिशाली महामंत्र है, जिसका विश्वव्यापी प्रचार गुरू के नेतृत्व में संपूर्ण विश्व में हुआ। आज लाखों परिवार गायत्री मंत्र की दीक्षा लेकर और माता गायत्री की साधना कर विश्व कल्याण में अपना अमूल्य योगदान दे रहे हैं। गायत्री परिवार से जुड़ने वाले व्यक्ति एवं परिवार वसुधैव कुटुंबकम् की भावना को साकार करते हुए सारे विश्व के प्राणियों को अपना परिवार मानता है। गायत्री मंत्र समस्त ब्रह्मांड को एकसूत्र में पिरोता है।।
अंत में आए हुए सभी भक्तों को प्रसाद वितरण किया गया।इस अवसर पर गणेश देव पांडेय, राजेंद्र कुमार मानव, राजेंद्र शर्मा, अशोक अग्रहरि मोबाइल, शुभम कुमार, राजेश उर्फ काजू अग्रहरि सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।





