संवाददाता@रामकेश यादव….

पसही विद्युत उपकेंद्र से संचालित होने वाले विद्युत आपूर्ति के लिए लगाए गए संविदा कर्मियों के लिए विद्युत विभाग द्वारा उनकी व्यवस्था के लिए सामग्रियों की उपलब्धता न होने के कारण घटना कभी-कभी घट जाती है जो जानलेवा हो जाती है। ऐसी घटना कई बार पूर्व में भी हो चुकी है ।
बता दें कि पस ही विद्युत उप केंद्र से संचालित होने वाली विद्युत आपूर्ति 8 फीडरों के लगभग 180 गांव को दी जाती है जिसमें लगभग 20 से 25 संविदा लाइनमैन कार्यरत हैं ।जो दिन-रात एक करके विद्युत की बहाली के लिए काम करते हैं। उनको बचने की व्यवस्था ग्लव्स, पीलास, सेफ्टी बेल्ट ,जैसे जो भी इस तरह की सामग्रियां मिलती है।
वह उनको नहीं दी रही है। जिससे कभी-कभी ऐसी घटनाएं हो जाती है जिससे लाइनमैन लाइन को बनाते समय अपने प्राण को गवा देते हैं ।ऐसी आज एक घटना सामने आई है जो रमेश कुमार उम्र लगभग 35वर्ष पुत्र राम अवध निवासी बहेरा लाइन पोल पर चढ़ कर बना रहा था कि अचानक दूसरे फीडर की लाइन की चपेट में आ गया जिससे उसके हाथ पैर में तेज से झटका लगा हालांकि पोल से नहीं गिरा नहीं लेकिन उसके हाथ पैर सुन की स्थिति में हो गए ।

मौके पर मौजूद लाईनमैनों ने तत्काल उन्हें जिला अस्पताल के लिए ले गए और परिजनों को सूचित कर दिया जहां उनका उपचार जारी है। बार-बार यह कहने के बावजूद भी विद्युत विभाग संविदा लाइन कर्मियों को काम पर तो लगा दिया है परंतु उनके सेफ्टी बेल्ट के लिए और सामानों की व्यवस्था के लिए कोई भी सामग्री उपलब्ध नहीं कर रहा है इससे बड़ी दुर्घटना घट सकती थी
इस संदर्भ में अवर अभियंता से कमलेश कुमार संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि रमेश को 11000 का बैक करंट लगा है जिससे उसके हाथ पैर सुन्न हो गए हैं अस्पताल में खून की जांच की जा रही है रिपोर्ट आने के बाद सब स्पष्ट हो जाएगा अभी फिलहाल कोई समस्या नहीं दिख रही है।
