संवाददाता@रामकेश यादव…..

विकासखंड करमा क्षेत्र के करकी माइनर, कसया और पगिया तिराहे पर लाखों रुपये की लागत से स्थापित की गईं स्ट्रीट लाइटें लंबे समय से बंद पड़ी हैं। लाइटों के खराब होने के बावजूद जिम्मेदारों द्वारा मरम्मत नहीं कराए जाने से शाम होते ही चट्टी-चौराहों और आसपास के गांवों में अंधेरा छा जाता है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रदेश सरकार की ओर से ग्रामीण क्षेत्रों में रोशनी की व्यवस्था के लिए लाखों रुपये खर्च कर लाइटें लगाई गईं, लेकिन देखरेख के अभाव में कई स्थानों पर ये लाइटें शोपीस बनकर रह गई हैं। करकी माइनर निवासी लाल मौर्य, गेना, बचाऊ और विजय आदि ने बताया कि उक्त चट्टी-चौराहे पूर्व में नक्सली गतिविधियों के लिए भी चर्चित रहे हैं। ऐसे में रात के समय अंधेरा होने से लोगों में सुरक्षा को लेकर भय बना रहता है।

ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से बंद पड़ी लाइटों की जांच कर शीघ्र मरम्मत कराने की मांग की है। स्थानीय लोगों ने जिलाधिकारी से भी मामले का संज्ञान लेकर जिम्मेदार विभाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देने की मांग की है।