लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ अब देश के उन शहरों में शामिल हो गया है, जहां मकानों की कीमतें तेजी से बढ़ी हैं. एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, 2021 से 2026 के बीच देश के 11 उभरते शहरों में मकानों के दाम औसतन 63 फीसदी बढ़े हैं. इन शहरों की सूची में लखनऊ भी शामिल है. इसी दौरान देश के आठ बड़े शहरों में मकानों की कीमतें 42 फीसदी बढ़ीं.
यह जानकारी CII और Knight Frank India की ‘India’s Next Real Estate Markets’ रिपोर्ट में सामने आई है. रिपोर्ट में बताया गया है कि छोटे और तेजी से बढ़ रहे शहरों में अब मकान खरीदने वालों की दिलचस्पी बढ़ रही है.
लखनऊ के साथ ये शहर भी सूची में
रिपोर्ट में लखनऊ के अलावा जयपुर, चंडीगढ़ ट्राइसिटी, इंदौर, भोपाल, भुवनेश्वर, कोयंबटूर, गोवा, कोच्चि, नागपुर और विशाखापत्तनम को भी उभरते शहरों में रखा गया है. इन शहरों में पिछले कुछ सालों में सड़क, आने-जाने की सुविधा और कारोबार से जुड़े काम बढ़े हैं. 2016 से 2026 के बीच इन 11 शहरों में मकानों की कीमत हर साल औसतन 8 फीसदी की रफ्तार से बढ़ी. वहीं देश के आठ बड़े शहरों में यह बढ़ोतरी करीब 4 फीसदी रही. यानी इन उभरते शहरों में मकानों के दाम बढ़ने की रफ्तार बड़े शहरों से ज्यादा रही.
लखनऊ में कितने दाम चल रहे हैं?
रिपोर्ट के मुताबिक लखनऊ में घरों की कीमत करीब 6,500 से 8,500 रुपये प्रति वर्ग फुट के बीच है. अलग-अलग इलाकों में कीमत में फर्क हो सकता है. जानकारों का कहना है कि अब लोग सिर्फ सस्ता घर नहीं देख रहे हैं. वे चाहते हैं कि घर के आसपास सड़क अच्छी हो, आने-जाने की सुविधा हो और रोजमर्रा की जरूरत की चीजें आसानी से मिल जाएं. इसी वजह से ऐसे शहरों में घरों की मांग बढ़ रही है.
यूपी के दूसरे शहरों पर भी असर
लखनऊ के तेजी से बढ़ने का असर यूपी के दूसरे शहरों में भी दिख रहा है. रिपोर्ट के मुताबिक नोएडा और गाजियाबाद के अलावा कानपुर, आगरा, वाराणसी, प्रयागराज और मुरादाबाद जैसे शहरों में भी घरों की मांग बढ़ी है. मुरादाबाद, कानपुर, उन्नाव, बाराबंकी और आसपास के इलाकों में भी आगे घरों की मांग कितनी बढ़ेगी, यह वहां रोजगार, सड़क और दूसरी जरूरी सुविधाओं पर काफी हद तक निर्भर करेगा.
सिर्फ घर ही नहीं, कारोबार भी बढ़ रहा
इन शहरों में सिर्फ मकानों की मांग ही नहीं बढ़ रही, बल्कि सामान रखने के बड़े गोदामों की जरूरत भी बढ़ी है. रिपोर्ट के मुताबिक 2025 में लखनऊ समेत छह उभरते शहरों में कुल 53 लाख वर्ग फुट जगह गोदामों के लिए किराए पर ली गई.

