संवाददाता@रामकेश यादव……

कहा जाता है कि होनहार विरवाँन के होट चितने पात जैसी कहावत स्थानिक क्षेत्र में संचालित एक इंटर कॉलेज की बालिका ने कर सिद्ध कर दिया है कि अगर व्यक्ति किसी कार्य को करने को ठान ले तो कोई कार्य असंभव नहीं है।

बता दे कि स्थानीय क्षेत्र में संचालित मां विंध्यवासिनी इंटर कॉलेज पापी में संचालित हो रहे विद्यालय में कक्षा 7 में पढ़ने वाली एक छोटी सी बच्ची ने कला के क्षेत्र में एक ऐसी रचनात्मक, एवं कलात्मक तरीके से कला बना कर दिखाया कि देखने वाले लोग भी दंग रह जा रहे हैं। विद्यालय में पढ़ने वाली छात्रा कक्षा 7 की सुप्रिया पुत्री दिनेश कुमार निवासी कर की है।

इनके अंदर प्रकृति की ऐसी अद्भुत कला है कि लड़की के जो भी रख कर बनाने के लिए कहा जाएगा चाहे कोई व्यक्ति हो या कोई अन्य सामान सामने हो जाएगा उनका चित्र अथवा मूर्ति हुब , हुब उसी के आकार का बना कर दिखा देंगी।जिससे लोग देखकर के दंग हो जा रहेहैं।

पूछने पर सुप्रिया ने बताया कि यह कला में हमारी पुरानी समय से ही रुचि बनी आ रही है ।और निरंतर बढ़ती जा रही है की और हम अच्छे ढंग से कला एवं मूर्ति को सजा एवं बना ले। प्रधानाचार्य सरोज कुमार ने बताया कि हमारे विद्यालय में पढ़ने वाली यह पूर्व माध्यमिक विद्यालय के कक्षा 7 की यह कला के क्षेत्र में ऐसी होनहा र लड़की है जिन्होंने कल और मूर्ति बनाने में दोनों पूर्ण रूप से सफल है।