संवाददाता@वीरेंद्र यादव…..

एनटीपीसी सिंगरौली परिसर स्थित केंद्रीय विद्यालय मैदान में विजयादशमी का पर्व श्रद्धा, उल्लास और पारंपरिक गरिमा के साथ मनाया गया। भगवान राम की शोभायात्रा, राम-रावण युद्ध के जीवंत मंचन और रावण, मेघनाद व कुंभकर्ण के पुतला दहन के साथ आयोजित विशेष आतिशबाजी आकर्षण का केंद्र रही।

उत्सव का शुभारंभ भगवान राम की शोभायात्रा से हुआ। इसके बाद सेंट जोसेफ विद्यालय के बच्चों ने राम और रावण की सेनाओं के बीच युद्ध का प्रभावी मंचन किया। रामलीला के प्रसंगों के उपरांत रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन किया गया। पुतला दहन के दौरान हुई आकर्षक आतिशबाजी देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग मैदान में मौजूद रहे।

कार्यक्रम में एनटीपीसी सिंगरौली के परियोजना प्रमुख एवं कार्यकारी निदेशक ई. प्रभाकर राव ने उपस्थित लोगों को विजयादशमी की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि दशहरा केवल पर्व नहीं, बल्कि सत्य, धर्म और नैतिक मूल्यों की विजय का प्रतीक है। ऐसे आयोजन समाज को अपनी सांस्कृतिक परंपराओं से जोड़ने के साथ सामाजिक एकता, सद्भाव और आपसी सौहार्द को मजबूत करते हैं।

उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाली रामलीला समिति, सहयोगी संस्थाओं और सभी सहभागियों की सराहना की।
इस अवसर पर ई. निर्मला राव, अध्यक्षा वनिता समाज, अगम प्रकाश तिवारी, महाप्रबंधक (प्रचालन एवं अनुरक्षण), सुनील कुमार मिश्रा, महाप्रबंधक (अभियांत्रिकी), सिद्धार्थ मंडल, मानव संसाधन प्रमुख सहित सीआईएसएफ के वरिष्ठ अधिकारी, एनटीपीसी के अधिकारी, वनिता समाज की सदस्याएं, यूनियन एवं एसोसिएशन के प्रतिनिधि, कर्मचारी और उनके परिजन मौजूद रहे।

आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं श्रद्धालु उत्सव में शामिल हुए। हजारों लोगों की मौजूदगी में आयोजित विजयादशमी समारोह ने बुराई पर अच्छाई की जीत, सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकजुटता का संदेश दिया।
