सीतापुर : राजधानी लखनऊ से सीतापुर जाने वाले लोगों के लिए राहत भरी खबर है. लखनऊ-सीतापुर हाईवे को छह लेन में विकसित करने की योजना के तहत इटौंजा में पुराने अंडरपास की जगह नया अंडरपास बनाया जाएगा. इसके साथ ही हाईवे के अवैध कट बंद करने और स्कूलों के आसपास फुट ओवरब्रिज बनाने की भी तैयारी है. इस योजना का फायदा इटौंजा समेत आसपास के 20 से अधिक गांवों के लोगों को मिलने की उम्मीद है. खासकर रोजाना पढ़ाई के लिए इटौंजा आने वाले विद्यार्थियों के लिए हाईवे पार करना पहले से ज्यादा सुरक्षित हो सकता है.
बंद होंगे अवैध कट
लखनऊ-सीतापुर हाईवे पर वाहनों का दबाव कम करने और हादसों का खतरा घटाने के लिए सड़क चौड़ीकरण की योजना बनाई गई है. राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के एनएच-30 प्रोजेक्ट इंजीनियर प्रमोद कुमार के मुताबिक, इस परियोजना में इटौंजा के मौजूदा अंडरपास का पुनर्निर्माण भी शामिल है. हाईवे पर बने अवैध कट बंद किए जाएंगे, ताकि तेज रफ्तार वाहनों के बीच अचानक सड़क पार करने और गलत दिशा से आने-जाने की समस्या पर लगाम लगाई जा सके.
बच्चों के लिए बनेंगे फुट ओवरब्रिज
इटौंजा और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में बच्चे पढ़ाई के लिए आते हैं. ऐसे में व्यस्त हाईवे पार करना उनके लिए रोजाना की चुनौती बना रहता है. योजना के तहत शहरी हिस्सों और स्कूलों के आसपास फुट ओवरब्रिज बनाने की तैयारी है. इससे विद्यार्थियों, अभिभावकों और अन्य राहगीरों को सड़क पार करने के लिए सुरक्षित रास्ता मिल सकेगा.
तीन किलोमीटर ज्यादा सफर से मिल सकती है राहत
हाईवे के आसपास बसे गांवों के लोगों को फिलहाल सड़क पार करने और अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए कई बार अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है. जानकारी के मुताबिक, कुछ स्थानों पर सीधे कट की सुविधा नहीं होने के कारण लोगों को अर्जुनपुर के पास बने कट तक पहुंचने के लिए करीब तीन किलोमीटर अतिरिक्त सफर करना पड़ता है. इससे समय और ईंधन दोनों खर्च होते हैं. हाईवे के बेहतर विकास और सुरक्षित क्रॉसिंग की व्यवस्था से स्थानीय लोगों की परेशानी कम होने की उम्मीद है.
इन 20 से ज्यादा गांवों के लोगों को होगा फायदा
चांदपुर खानीपुर, कल्याणपुर, पृथ्वीपुर, अहमदपुर खेड़ा, डेरवा, पृथ्वी नगर, उसरना, धर्मपुर, कुंडापुर, पालपुर, सिंघामऊ, शिवपुरी, बरगदी कला, उदवतपुर, राजापुर, रायपुर राजा, शाहपुर राजा और खानीपुर समेत आसपास के गांवों के लोग इटौंजा से जुड़े हैं. इन इलाकों से विद्यार्थी पढ़ाई के लिए इटौंजा आते हैं. नया अंडरपास और फुट ओवरब्रिज बनने से उनकी आवाजाही आसान और सुरक्षित होने की उम्मीद है.
डिवाइडर पर रोक के बावजूद पार करते हैं लोग
हाईवे के डिवाइडर पर टीन की चादरें लगाकर सड़क पार करने पर रोक लगाने की व्यवस्था की गई है, लेकिन कुछ जगहों से लोग अब भी दूसरी ओर निकल जाते हैं. तेज रफ्तार वाहनों के बीच ऐसा करना दुर्घटना का कारण बन सकता है. छह लेन की परियोजना के साथ सुरक्षा इंतजाम बेहतर होने और अवैध कट बंद होने से इस खतरे को कम करने में मदद मिल सकती है.
कब शुरू होगा निर्माण कार्य?
लखनऊ-सीतापुर हाईवे के चौड़ीकरण और इटौंजा में नए अंडरपास की योजना से स्थानीय लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है. हालांकि, निर्माण कार्य शुरू होने की तारीख और परियोजना पूरी होने की समयसीमा अभी स्पष्ट नहीं है. ऐसे में लोगों को यह जानने के लिए आधिकारिक अपडेट का इंतजार करना होगा कि इस योजना का लाभ कब से मिलना शुरू होगा.

