संवाददाता@विशाल टंडन….

पंचायत विकास योजनाओं को अधिक प्रभावी एवं गुणवत्तापूर्ण बनाने के उद्देश्य से सोमवार को सोनभद्र मुख्यालय स्थित पंचायत रिसोर्स सेंटर (डीपीआरसी) सभागार में एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। यह प्रशिक्षण उपनिदेशक (पंचायत), विंध्याचल मंडल, मिर्जापुर के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ।

कार्यक्रम का उद्घाटन अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत सोनभद्र ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रशिक्षण में जिला क्रियान्वयन समिति के सदस्य, क्षेत्र पंचायत एवं जिला पंचायत के कार्याधिकारी तथा एडीओ (पंचायत) प्रतिभागी के रूप में शामिल हुए।

प्रशिक्षण के दौरान वरिष्ठ फैकल्टी, असिस्टेंट फैकल्टी डीपीआरसी सोनभद्र एवं प्रशिक्षकों ने विभिन्न तकनीकी सत्रों के माध्यम से ग्राम पंचायत विकास योजना (जीपीडीपी) तैयार करने की प्रक्रिया, कार्ययोजना में पंचायतों की भूमिका, जनभागीदारी, ग्रामीण पेयजल आपूर्ति, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 तथा “मेरी पंचायत, हरित पंचायत” अभियान की विस्तृत जानकारी दी।

प्रशिक्षकों ने पंचायत प्रतिनिधियों और अधिकारियों से योजनाओं के निर्माण व क्रियान्वयन में पारदर्शिता, जनसहभागिता और स्थानीय आवश्यकताओं को प्राथमिकता देने का आह्वान किया। प्रशिक्षण में प्रतिभागियों ने विभिन्न विषयों पर प्रश्न पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान भी प्राप्त किया।






