Last Updated:
5 wwe wrestler longest career: डब्ल्यूडब्ल्यूई के इतिहास में लगातार बने रहना और रिंग पर राज करना केवल शारीरिक ताकत की बात नहीं, बल्कि अटूट निष्ठा और जुनून का खेल है. द अंडरटेकर, रैंडी ऑर्टन, जॉन सीना, द मिज और ट्रिपल एच जैसे महान दिग्गजों ने चोटों, उतार-चढ़ाव और मानसिक चुनौतियों का सामना करते हुए दशकों तक फैंस के दिलों पर राज किया. इन 5 रेसलर्स ने न केवल ऐतिहासिक रिकॉर्ड बनाए, बल्कि अपनी निरंतरता से वफादारी की एक अटूट मिसाल पेश की.
डब्ल्यूडब्लयूई में में सबसे लंबा करियर बनाने वाले 5 रेसलर.
नई दिल्ली. डब्ल्यूडब्ल्यूई की रिंग केवल ताकत और तकनीक का अखाड़ा नहीं है, बल्कि यह धीरज, समर्पण और जुनून की एक ऐसी परीक्षा है जहां हर दिन शरीर को टूटने से बचाना होता है. इस मनोरंजन से भरी दुनिया में एक-दो साल टिकना ही बड़ी बात मानी जाती है, लेकिन कुछ ऐसे रेसलर भी हुए हैं जिन्होंने दशकों तक इस मंच को अपनी कर्मभूमि बनाए रखा. चोटों के दर्द, मानसिक तनाव और लगातार बदलते दौर के बीच इन दिग्गजों ने न केवल खुद को साबित किया, बल्कि फैंस के दिलों पर राज करते हुए वफादारी की नई मिसाल पेश की. डब्ल्यूडब्ल्यूई के इतिहास के ये 5 दिग्गज रेसलर्स इस बात का सबूत हैं कि निरंतरता और मेहनत के दम पर इतिहास कैसे रचा जाता है.
जब भी रेसलिंग की दुनिया में वफादारी और दबदबे की बात होगी, मार्क कैलावे यानी ‘द अंडरटेकर’ (The Undertaker) का नाम सबसे ऊपर आएगा. साल 1990 की ‘सरवाइवर सीरीज’ में जब रिंग के अंदर धुएं के बीच एक खौफनाक और रहस्यमयी आकृति ने कदम रखा, तो किसी ने नहीं सोचा था कि यह सफर तीन दशकों तक चलेगा. डेडमैन के नाम से मशहूर अंडरटेकर ने 1990 से लेकर 2020 में अपने आधिकारिक रिटायरमेंट तक पूरे 30 सालों तक डब्ल्यूडब्ल्यूई का दामन थामे रखा. इस लंबे सफर में उन्होंने रैसलमेनिया के मंच पर 21-0 की ऐसी ऐतिहासिक जीत की स्ट्रीक बनाई, जिसे तोड़ पाना लगभग असंभव माना जाता है. उन्होंने पीढ़ी-दर-पीढ़ी फैंस का मनोरंजन किया और बिना किसी शिकायत के हर दौर में कंपनी के मुख्य स्तंभ बने रहे.
दो दशकों से रिंग में जारी ‘द वाइपर’ का खौफ
साल 2002 में जब एक नौजवान रेसलर ने मुख्य रोस्टर में कदम रखा, तो उसकी आंखों में कुछ अलग ही चमक थी. यह ‘द वाइपर’ रैंडी ऑर्टन (Randy Orton) थे, जिन्होंने देखते ही देखते इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा लिया. ऑर्टन डब्ल्यूडब्ल्यूई के इतिहास में सबसे कम उम्र में वर्ल्ड हैवीवेट चैंपियन बनने वाले रेसलर बने. अपने पेटेंट फिनिशिंग मूव ‘RKO’ से विरोधियों को धूल चटाने वाले ऑर्टन के करियर में कई बार गंभीर चोटें आईं, लेकिन उनका ध्यान कभी नहीं भटका. अन्य प्रमोशनों के लुभावने प्रस्तावों के बावजूद वे पिछले 24 सालों से लगातार WWE के प्रति वफादार रहे हैं. 14 से अधिक बार वर्ल्ड चैंपियनशिप जीत चुके ऑर्टन आज भी रिंग में पूरी तरह सक्रिय हैं और युवा खिलाड़ियों के लिए एक मिसाल बने हुए हैं.
कंपनी के सबसे बड़े ‘फेस’ जॉन सीना 16 बार के चैंपियन
‘नेवर गिव अप’ के मूलमंत्र के साथ साल 2002 में डेब्यू करने वाले जॉन सीना (John Cena ) केवल एक रेसलर नहीं, बल्कि डब्ल्यूडब्ल्यूई का पर्याय बन गए. सीना ने लगभग दो दशकों तक बिना थके फुल-टाइम परफॉर्मर के रूप में पूरी कंपनी का बोझ अपने मजबूत कंधों पर उठाया. उन्होंने बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, हर वर्ग के फैंस के दिलों में अपनी जगह बनाई. सीना ने अपने करियर में रिकॉर्ड 16 बार वर्ल्ड चैंपियनशिप जीतकर रिक फ्लेयर के सर्वकालिक रिकॉर्ड की बराबरी की. हालांकि, हाल के वर्षों में हॉलीवुड की व्यस्तताओं के कारण वे पार्ट-टाइम रोल में नजर आते हैं, लेकिन जब भी डब्ल्यूडब्ल्यूई को उनकी जरूरत होती है, वे रिंग में वापसी करने से कभी पीछे नहीं हटते.
आलोचनाओं को पीछे छोड़ द मिज बने दोहरे ‘ग्रैंड स्लैम’ चैंपियन
जब साल 2006 में द मिज ने डब्ल्यूडब्ल्यूई में कदम रखा था, तब बहुत से आलोचकों और रेसलिंग दिग्गजों का मानना था कि एक रियलिटी टीवी स्टार रिंग की इस कठोर दुनिया में ज्यादा दिन नहीं टिक पाएगा. लेकिन द मिज (The Miz) ने अपनी लगन से हर एक आलोचक को मुंहतोड़ जवाब दिया. पिछले 20 सालों के करियर में वे बिना किसी बड़ी चोट या लंबी छुट्टी के लगातार टेलीविजन पर नजर आए हैं. उनकी यही निरंतरता और प्रोमो स्किल्स उन्हें इस खेल का असली ‘वर्कहॉर्स’ बनाती हैं. द मिज डब्ल्यूडब्ल्यूई इतिहास के पहले ऐसे सुपरस्टार हैं जो दो बार ‘ग्रैंड स्लैम’ चैंपियन बने हैं, जो उनके इस लंबे और सफल सफर का सबसे बड़ा प्रमाण है.
ट्रिपल एच रिंग के ‘द गेम’ से बैकस्टेज के सबसे बड़े कमांडर तक
पॉल लेवेस्क यानी ‘ट्रिपल एच’ (Triple H) का डब्ल्यूडब्ल्यूई से रिश्ता किसी महाकाव्य से कम नहीं है. साल 1995 में कंपनी में एंट्री करने वाले ‘द गेम’ ने एक इन-रिंग रेसलर के रूप में 25 से अधिक सालों तक राज किया. इस दौरान उन्होंने 14 बार वर्ल्ड Title अपने नाम किया और एटीट्यूड एरा से लेकर मॉडर्न एरा तक अनगिनत ऐतिहासिक मैच दिए. जब बढ़ती उम्र और स्वास्थ्य संबंधी कारणों से उन्हें इन-रिंग करियर को अलविदा कहना पड़ा, तो उन्होंने रेसलिंग से दूरी नहीं बनाई. आज वे चीफ कंटेंट ऑफिसर के पद पर रहकर पूरे बैकस्टेज की कमान संभाल रहे हैं और नई प्रतिभाओं को तराशने का काम कर रहे हैं.
About the Author

कमलेश कुमार राय नेटवर्क18 ग्रुप में बतौर चीफ सब एडिटर जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. वह बीते 15 सालों से खेल पत्रकारिता की पिच पर डटे हुए हैं. हिंदी स्पोर्ट्स सेक्शन में वह खेल कंटेंट की गहरी समझ, सटीक विश्लेषण और ब…
और पढ़ें
