नई दिल्ली: 17 साल की नेशनल लेवल शूटर के साथ यौन उत्पीड़न मामले में कोच अंकुश भारद्वाज को लेकर हैरान करने वाला खुलासा हुआ है. मोहाली के रहने वाले अंकुश खुद एक नेशनल लेवल के शूटर रह चुके हैं. हालांकि, शूटिंग में उनका करियर कुछ खास नहीं रहा, जिसके बाद वे साल 2024 में कोचिंग भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) के सचिव राजीव भाटिया की सिफारिश से कोचिंग स्टाफ में शामिल हो गए, लेकिन यौन उत्पीड़न के आरोप के बाद उनका कोचिंग करियर लगभग खत्म हो गया है.
सिर्फ कोत ही नहीं, शूटिंग प्लेयर के तौर भी अंकुश विवादों में रहे हैं. एक समय अंकुश को भारतीय शूटिंग का उभरता हुआ सितारा माना जा रहा था, लेकिन वह डोपिंग के डंक में फंस गए. अंकुश को करियर के दौरान बीटा-ब्लॉकर के इस्तेमाल के लिए 2010 में डोपिंग बैन का सामना करना पड़ा था. निशानेबाजी, तीरंदाजी और बिलियर्ड्स के खिलाड़ियों के लिए बीटा-ब्लॉकर प्रतिबंधित हैं क्योंकि यह हृदय गति, मांसपेशियों में कंपन और चिंता को कम करने में मदद करते हैं. वहीं बचाव में उन्होंने इसे सिरदर्द की दवा बताया था. बैन के बाद उन्होंने वापसी की और 2017 में जर्मनी के हनोवर में गोल्ड मेडल जीता था.
कैफे और फिटनेस क्लब के मालिक हैं अंकुश
कोचिंग के अलावा अंकुश फिटनेस क्लब और कैफे के मालिक भी हैं. अंकुश ने अपनी वाइफ के साथ मिलकर मोहाली में शूटर्स कैफे और साल्वो शूटर्स एरिना नाम की एकडेमी भी चलाते हैं. पिछले साल उन्होंने अपनी वाइफ के साथ मिलकर आर्कन फिटनेस क्लब नाम से एक हाई-टेक ट्रेनिंग सेंटर भी शुरू किया था. बता दें कि अंकुश अंबाला के एक साधारण शिक्षक परिवार से आते हैं. उन्होंने साल 2005 में NCC कैंप से शूटिंग की शुरुआत की थी और बाद में अंकुश ने दिग्गज निशानेबाज जसपाल राणा के भाई सुभाष राणा से ट्रेनिंग लिया.
भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ ने अंकुश को किया बैन
भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) ने शूटिंग कोच अंकुश भारद्वाज को निलंबित कर दिया है. अंकुश पर 17 साल की एक नेशनल लेवल शूटर ने पिछले महीने नेशनल चैंपियनशिप के दौरान यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है. एनआरएआई ने पुष्टि की है कि फरीदाबाद में भारद्वाज के खिलाफ प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज की गई है. मोहाली के रहने वाले भारद्वाज पर पॉस्को अधिनियम की धारा छह (गंभीर यौन उत्पीड़न) और भारतीय न्याय संहिता की धारा 351(2) (धमकी देने से संबंधित) के तहत मामला दर्ज किया गया है.
एनआरएआई के सचिव राजीव भाटिया ने बताया कि, ‘‘एनआरएआई ने उन्हें निलंबित कर दिया है और हम उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी करेंगे’’ भाटिया ने कहा कि एनआरएआई ने 2024 में पेरिस ओलंपिक के बाद 37 सदस्यीय कोचिंग टीम में भारद्वाज को स्थान देने की सिफारिश की थी. पीड़िता ने जो एफआईआर दर्ज की है, उसके अनुसार, पिछले महीने करणी सिंह रेंज में एक अभ्यास सत्र के बाद यह घटना घटी थी.
क्या है शूटर से यौन उत्पीड़न का पूरा मामला
ये पूरा मामला नेशनल चैंपियनशिप के दौरान का है. एफआईआर में दर्ज बयान के मुताबिक 17 साल की शूटर ने आरोप लगाया है कि अंकुश भारद्वाज उसे मोहाली, पटियाला, देहरादून और दिल्ली जैसे स्थानों पर प्रशिक्षण के लिए बुलाते थे, लेकिन वह हमेशा उसी दिन घर लौट आती थीं. पीड़िता ने कहा कि घटना वाले दिन वह राष्ट्रीय चैंपियनशिप में भाग लेने के लिए टैक्सी से अकेले ही करणी सिंह रेंज गई थी. उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता समाप्त होने के बाद जब वह घर जा रही थी, तो कोच ने उसे अपने प्रदर्शन का विश्लेषण करने के लिए रुकने को कहा. इस युवा खिलाड़ी ने अपनी शिकायत में बताया कि कोच ने पहले उसे फरीदाबाद के सूरजकुंड इलाके में एक होटल की लॉबी में मिलने के लिए कहा, लेकिन वहां पहुंचने पर कोच ने कथित तौर पर उसे अपने कमरे में आने के लिए मजबूर किया और कहा कि उसके प्रदर्शन को लेकर अधिक गहन चर्चा करने की जरूरत है.
पीड़ित खिलाड़ी ने बताया, ‘‘कोच ने मुझे लिफ्ट वाले एरिया में आने को कहा. जब मैं लिफ्ट वाले एरिया में गई तो कोच ने मुझसे कहा कि उन्होंने यहां एक कमरा बुक किया है, इसलिए मेरे कमरे में आ जाओ. मैं तुमसे वहां खेल के बारे में बात करूंगा. वह मुझे तीसरी मंजिल पर एक कमरे में ले गए और मैच के बारे में चर्चा की. कुछ देर बाद मैंने सर से कहा कि मैं घर जाना चाहती हूं, लेकिन उन्होंने मुझसे कहा कि वह मेरी पीठ की हड्डी चटका (एक तरह का व्यायाम) देंगे. मैंने तुरंत इनकार कर दिया, लेकिन इसके बावजूद सर ने मुझे जबरदस्ती पेट के बल लिटाया और मेरा यौन उत्पीड़न कियाॉ. जब मैंने विरोध किया तो उन्होंने मुझे धमकी दी. कोच ने मुझे धमकी दी कि मैं इस घटना के बारे में किसी को नहीं बताऊं वरना वह मेरे पेशेवर करियर को बर्बाद कर देगा. इस घटना के बाद मैं बहुत डर गई और मैंने किसी को कुछ नहीं बताया.’’ इस खिलाड़ी में बताया कि घटना के बाद उनके व्यवहार में बदलाव देखकर जब उसकी मां ने बार-बार उससे पूछा, तब जाकर उसने आखिरकार सब कुछ बताया.

