ओबरा/सोनभद्र. (सौरभ गोस्वामी)….

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के शताब्दी वर्ष पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के कार्यकर्ताओं द्वारा रविवार को स्थानीय आरती चित्र मंदिर के प्रांगण में पूरे नगर के स्वयं सेवकों ने पूर्ण गणवेश में बड़े धूम धाम के साथ पथ संचलन कर समापन किया, इस दौरान स्वयं सेवकों ने शस्त्र पूजन भी किया।कार्यक्रम का शुभारंभ संघ के संस्थापक डॉ हेडगेवार व परम पूज्य गुरु जी तथा भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया।
इसके पश्चात एकल गीत एवं अमृत वचन किया गया। पथ संचलन के दौरान सभी स्वयं सेवकों ने सामूहिक रूप से संगठन बढ़े चलो, सुपंथ पर बढ़े चलो, भला हो जिसमे देश का वह काम सब किए चलो नामक गीत गाते हुए नगर के आर्य समाज रोड, वी आई पी रोड, सुभाष चौराहा, चोपन रोड, गैस गोदाम रोड, गीतामंदिर रोड पर से होते हुए पुनः आरती चित्र मंदिर प्रांगण में जाकर समापन किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता सह प्रांत प्रचारक सुनील जी ने संघ स्थापना से लेकर अब तक हुए संघ के संघर्षों को लेकर विस्तृत रूप से जानकारी देकर स्वयं सेवकों का मार्ग दर्शन किया। उन्होंने बताया कि सौ वर्ष पूर्व 27 सितंबर 1925 को विजय दशमी के अवसर पर डॉ हेडगेवार ने संघ की स्थापना की थी। इसके बाद पूर्ववर्ती सरकार द्वारा संघ पर तीन तीन बार प्रतिबंध लगाने के बाद भी संघ अनवरत राष्ट्रकार्य में समर्पित रहा। उन्होंने बताया कि हिंदू एक श्रेष्ठ जीवन पद्धति है। भारत का जन जन आर्य है।
चराचर की पूजा करने वाले को ही हिंदू कहते है।संघ राष्ट्र के लिए व्यक्ति का निर्माण करता है। संघ व्यक्ति में राष्ट्रीय चरित्र का निर्माण करके देश को परम वैभव के शिखर पहुंचाने में जुटा हुआ है । उन्होंने संघ की नियमित शाखा लगाने पर जोर देते हुए कहा कि संघ की शाखा से ही देश में परिवर्तन लाया जा सकता है, उन्होंने संघ की शताब्दी को हिंदुत्व के विजय की शताब्दी बताया।
इस दौरान नगर संचालक विमल, जिला प्रचारक आलोक, नगर प्रचारक महेंद्र, नगर कार्यवाह मृदुल, नगर प्रचार प्रमुख भोल , राजू, विनोद,राजेश,विभाग कार्यवाहिका गीतांजलि, जिला कार्यवाहिका रिंकी, नगर कार्यवाहिका शकुंतला, कंचन,मनोज, सहित सैकड़ों स्वयं सेवक मौजूद रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ समाज सेवी दिन दयाल केशरी ने किया।