म्योरपुर/सोनभद्र (संदीप अग्रहरी)……

म्योरपुर में आयोजित किए जा रहे 60वें रामलीला महोत्सव में तीसरे दिन ताड़का वध लीला का सुंदर मंचन किया गया। ताडका वध लीला को देखने के लिए हजारों लोगों की भीड़ रही। रामलीला के मंचन में दिखाया गया कि ऋषि-मुनियों पर राक्षसों का अत्याचार बढ़ने के कारण महर्षि विश्वामित्र अयोध्या जाते हैं तथा राजा दशरथ से राक्षसों के संहार के लिए भगवान श्रीराम और भईया लक्ष्मण को मांग कर लाते हैं। राजा दशरथ भगवान श्रीराम और भईया लक्ष्मण को महर्षि विश्वामित्र के साथ जाने की आज्ञा दे देते हैं।
महर्षि विश्वामित्र भगवान दोनों को घनघोर बियाबान दंडक वन में लेकर जाते हैं जहां पर राक्षसी ताड़का का वास होता है।ताड़का नामक राक्षसी ऋषि-मुनियों पर अत्याचार करती है तथा उनके यज्ञ में बाधा उत्पन्न करती हैं। सभी ऋषि मुनि इस राक्षसी के अत्याचारों से परेशान थे। दंडक वन में आकर भगवान राम और राक्षसी ताड़का के बीच भयानक युद्ध होता है। जिसमें मारीच व सुबाहु की बहन राक्षसी ताड़का का भगवान श्रीराम वध कर देते हैं।
जिससे सभी ऋषि मुनि प्रसन्न हो जाते हैं।ताड़का का भयानक अभिनय रामलीला रंगमंच के होनहार कलाकार रामु प्रसाद के द्वारा किया गया। जिसकी सभी ने सराहना की। इस लीला के मंचन में भगवान श्री राम का अभिनय, अंकित अग्रहरि भईया लक्ष्मण का अभिनय आनंद तिवारी के द्वारा किया गया। कल की “ताड़का वध लीला“ में दर्शकों में काफी उत्साह रहा तथा दर्शकों की भारी भीड़ रही।
इस मौके पर रामलीला कमेटी के अध्यक्ष मोनू जायसवाल कोषाध्यक्ष सुनील अग्रहरि गोटिया , संदीप अग्रहरि सुजीत अग्रहरि ,मनदीप कुमार, सुदेश अग्रहरि, वीरेंद्र सोनी, अमित रावत, अजय अग्रहरि श्यामू , रामलीला कमेटी व मंडली के पदाधिकारी सहित बड़ी संख्या में दर्शक मौजूद रहे।