जे0के0/सोनभद्र………
__कुपुत्रो जायेत क्वचिदपि कुमाता न भवति “पुत्र भले ही कुपुत्र हो जाए परंतु माता कभी कुमाता नहीं होती”, कितना चरितार्थ
__प्रसव के आधे घंटे के बाद नवजात ने मिट्टी में दबे होने की वजह से दम तोड़ दिया

Sonbhadra। जनपद में मानवता कैसे शर्मशार हो रही है या यू कह लें कि माता से कुमाता कोई कैसे बन सकता है वह भी तब जब यह बात किसी नवजात पर लागू हो जाए, जी हां लेकिन ऐसा ही एक वाक्य में आज दिल को झकझोर कर रख दिया है।
मामला जुगैल थाना क्षेत्र का बताया जा रहा है, जहां ममता को शर्मसार करने वाली हृदय विदारक घटना सामने आई, हर कोई महिला को कोसता हुआ नजर आ रहा है। दरअसल चौरा गांव में एक सफेद रंग की बोलेरो से कुछ लोग सवार होकर आए और एक बन्द पड़े बालू साइड के रास्ते के निकट बोलेरो वाहन को खड़ा किया और नवजात के पैदा होने का इंतजार करते दिखे, जब प्रसूता ने नवजात शिशु को जन्म दिया तो वैसे ही बोलेरो से एक महिला उतरी और नवजात शिशु की नली को महिला से अलग कर नवजात शिशु को ले जाकर खेत में मिट्टी से ढक दिया और तुरंत चोपन की तरफ बोलोरो लेकर फरार हो गए।
पहले तो लोग कुछ नहीं समझ पाए, लेकिन चरवाहे ने पास जाकर देखा तो हक्का बक्का रह गया। वही घटना के बाद मौके पर मौजूद दीपू यादव ने बताया एक बोलेरों आई जिसमे महिला और पुरुष मौजूद थे। बोलेरो खड़ा कर महिला जल्दबाजी में नवजात बच्चे को मिट्टी से ढक कर चली गई। जब तक हम लोग आते वह सब वाहन सहित फरार हो गए। घटना के बाद काफी लोग जुट गए।

देखा गया तो नवजात जिंदा था, लेकिन आधे घंटे बाद मृत हो गया। बोलेरो सवार कौन थे इसकी जानकारी नहीं हो पाई। वहीं घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने पूरी तफ्तीश करने के बाद नवजात शिशु के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आसपास के लोगों से पूछताछ कर मामले की जांच में जुट गई है।