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Mirzapur News: मेडिकल कॉलेज की डाइटीशियन डॉ. ज्योति सिंह ने बताया कि करैले के अंदर मिलने वाले चिरेट्रिन और पॉलीप्रेपटाइट, शुगर कंट्रोल के लिए बेहद ही कारगर माना जाता है.
करैलाचिरेट्रिन और पॉलीप्रेपटाइट करता है शुगर को कंट्रोल
दिन में एक दो करेला खाने या जुस पीने के बाद आप सोचिए कि दिनभर में मिठाई या अपनी मनपसंद चीजें खा लें तो ऐसा बिल्कुल भी नहीं है. इससे शुगर बिल्कुल भी कंट्रोल नहीं होने वाला है. हमारे शरीर में पांच ग्राम शुगर होना चाहिए. एक ग्राम शुगर को कम करने के लिए हमें एक से डेढ़ किलो करेला खाना पड़ेगा. यह संभव नहीं हो सकता है.
डॉ. ज्योति सिंह ने बताया कि करेला को सप्लीमेंट के तौर पर इस्तेमाल कर सकते हैं. जूस से ज्यादा कैरेले की सब्जी या चोखा खा सकते हैं. इससे फाइबर भी हमारे शरीर में जायेगा. हालांकि, इसपर हमें बिल्कुल भी निर्भर नहीं होना है कि करेला खा लिए हैं, तो बिल्कुल भी शुगर नहीं होगा. शुगर को कंट्रोल रखने में करेला मददगार है, लेकिन उसका उपयोग दवा की बजाय सिर्फ सप्लीमेंट के तौर पर करेंगे, तो ज्यादा बेनिफिट होने वाला है. इन चीजों का इस्तेमाल करके आप करैले के फायदे को ले सकते हैं.
