लखनऊ: उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में मतदाता सूची से जुड़ी गंभीर गड़बड़ी सामने आने के बाद निर्वाचन विभाग ने सख्त रुख अपनाया है. विधानसभा क्षेत्र 127-पीलीभीत की वोटर लिस्ट में एक मतदाता के EPIC नंबर से ऑनलाइन जानकारी खोजने पर दूसरे मतदाता का विवरण दिखाई दिया. मामले की जांच में गड़बड़ी की पुष्टि होने के बाद मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं. साथ ही, पीलीभीत ही नहीं, बल्कि प्रदेश के सभी जिलों में मतदाता सूचियों की जांच कराने का आदेश दिया गया है.
मतदाता पहचान पत्र पर दर्ज EPIC नंबर का इस्तेमाल ऑनलाइन मतदाता संबंधी जानकारी खोजने के लिए किया जाता है. पीलीभीत की मतदाता सूची में सामने आई गड़बड़ी में एक मतदाता का EPIC नंबर डालने पर किसी दूसरे मतदाता का विवरण दिखाई दिया. यह मामला मतदाता सूची में दर्ज जानकारी की शुद्धता पर सवाल खड़े करता है. मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मामले की जांच कराई, जिसमें गड़बड़ी की पुष्टि हुई. इसके बाद संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी तय करने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं.
जिम्मेदार अधिकारी और VRC ऑपरेटर हटाए जाएंगे
मामले में सख्ती दिखाते हुए मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ERO) और VRC ऑपरेटर को तत्काल हटाने के निर्देश दिए हैं. इसके साथ ही जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने को कहा गया है.
निर्देशों में लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 32 और भारतीय न्याय संहिता की लागू धाराओं के तहत कार्रवाई का जिक्र है. इसके अलावा, संबंधित सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों की भूमिका और जिम्मेदारी तय करने के लिए विस्तृत रिपोर्ट भी मांगी गई है.
पीलीभीत की सभी विधानसभा सीटों की वोटर लिस्ट की जांच
निर्वाचन विभाग ने पीलीभीत जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूचियों की गहन जांच कराने का फैसला किया है. इसका मकसद यह पता लगाना है कि कहीं दूसरे क्षेत्रों में भी इसी तरह की तकनीकी या रिकॉर्ड संबंधी गड़बड़ी तो नहीं है.
विभाग ने प्रदेश के सभी जिलों के जिलाधिकारियों को भी मतदाता सूची में इसी तरह की त्रुटियों की जांच करने के निर्देश दिए हैं. सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को दो दिन के भीतर विस्तृत रिपोर्ट सौंपनी होगी. इस कार्रवाई के जरिए निर्वाचन विभाग यह सुनिश्चित करना चाहता है कि मतदाता पहचान संख्या और उससे जुड़ी जानकारी में किसी तरह की गड़बड़ी न रहे.
कांग्रेस ने भी उठाया था मतदाता सूची का मुद्दा
पीलीभीत की मतदाता सूची में गड़बड़ी का मामला ऐसे समय सामने आया है, जब कांग्रेस ने भी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस मुद्दे को उठाया था. पार्टी ने पीलीभीत में मतदाता सूची से जुड़ी गड़बड़ी का दावा किया था.
इसके बाद निर्वाचन विभाग की जांच में EPIC नंबर से दूसरे मतदाता का विवरण दिखने की गड़बड़ी की पुष्टि हुई. हालांकि, इस मामले में सामने आई त्रुटि के आधार पर प्रदेश की सभी मतदाता सूचियों में गड़बड़ी होने का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता. इसी वजह से अब सभी जिलों में जांच कर रिपोर्ट मांगी गई है. निर्वाचन विभाग की जांच और आगे की कार्रवाई से यह स्पष्ट होगा कि पीलीभीत में गड़बड़ी किस स्तर पर हुई और इसके लिए किन अधिकारियों या कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय होती है.

