नई दिल्ली: एशियन गेम्स 2026 का 15वां दिन भारत के लिए शानदार रहा. मेंस हॉकी, मेंस क्रिकेट, आर्चरी, गोल्फ और कुश्ती में भारतीय खिलाड़ियों ने सोना जीता. दिन का आखिरी गोल्ड मेडल हॉकी में भारतीय पुरुष टीम ने मलेशिया को 5-1 से हराकर जीता. इसके साथ ही 2028 ओलंपिक के लिए अपनी जगह पक्की करते हुए दिन का शानदार समापन किया. इस तरह अब भारत 85 पदकों के साथ पदक तालिका में चौथे स्थान पर पहुंच गया है. भारत ने अब तक कुल 21 गोल्ड, 27 सिल्वर और 37 ब्रॉन्ज मेडल जीते हैं.
भारत ने इस बार सबसे ज्यादा एथलेटिक्स में कुल 24 मेडल जीते हैं, जिनमें 1 गोल्ड, 9 सिल्वर और 14 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं. इसके बाद शूटिंग में भारतीय खिलाड़ियों ने कुल 15 मेडल जीते, जिनमें 3 गोल्ड, 8 सिल्वर और 4 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं. तीसरे नंबर पर आर्चरी है. आर्चरी में कुल 9 मेडल आए हैं, जिनमें 5 गोल्ड हैं. इसकी तुलना में 2022 एशियन गेम्स की बात करें, तो एथलेटिक्स में 6 गोल्ड, 14 सिल्वर और 9 ब्रॉन्ज के साथ 29 मेडल जीते थे. पिछली बार सबसे ज्यादा शूटिंग में 7 गोल्ड मेडल आए थे.
कैसा रहा भारत के लिए एशियन गेम्स में 15वां दिन
भारतीय मेंस हॉकी टीम ने जीता गोल्ड मेडल
दिन के अंत में हॉकी ने भारत को एक और सुनहरा पल दिया. मलेशिया के खिलाफ फाइनल में कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल दागकर आगे से नेतृत्व किया, जिससे भारत ने मलेशिया को 5-1 से हराकर पुरुष हॉकी का गोल्ड जीता. हरमनप्रीत ने 11वें और 57वें मिनट में गोल किए, जबकि जुगराज सिंह, हार्दिक सिंह और शिलानंद लाकड़ा ने भी गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाया. मलेशिया की ओर से एकमात्र गोल 14वें मिनट में शेल्लो सिल्वेरियस ने किया.
हरमनप्रीत 12 गोल के साथ टूर्नामेंट के शीर्ष स्कोरर रहे. भारत ने मलेशिया के 2 के मुकाबले 14 पेनल्टी कॉर्नर भी हासिल किए. 1966, 1998, 2014 और 2022 की पिछली जीतों के बाद, इस जीत ने भारत को एशियाई खेलों का पांचवां पुरुष हॉकी स्वर्ण पदक दिलाया. भारत, पाकिस्तान के बाद एशियाई खेलों में लगातार दो बार पुरुष हॉकी स्वर्ण जीतने वाला दूसरा देश भी बन गया.
कुश्ती में अमन सहरावत ने जीता गोल्ड मेडल
भारत के लिए कुश्ती में अमन सहरावत ने गोल्ड मेडल अपने नाम किया. अमन सहरावत ने 2023 हांगझोऊ के अपने ब्रॉन्ज को गोल्ड में बदलते हुए पुरुषों के 57 किग्रा फाइनल में उत्तर कोरिया के मौजूदा विश्व चैंपियन चोंग सोंग हान को 10-7 से हराया. सुजीत कलकल के बाद कुश्ती में यह भारत को दूसरा गोल्ड मिला.
कुश्ती में अंतिम पंघाल ने जीता सिल्वर
महिलाओं के 53 किग्रा फाइनल में अंतिम पंघाल को जापान की 2024 विश्व चैंपियन मेई मियोका से 1-9 से हारने के बाद सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा. अंतिम, मियोका के डिफेंस और अटैक का कोई तोड़ नहीं निकाल सकीं. वहीं, दीपक पूनिया ने पुरुषों के 97 किग्रा वर्ग में मंगोलिया के गांखुयांग गनबातर को 2-1 से हराकर कांस्य पदक जोड़ा.
भारत ने क्रिकेट में जीता गोल्ड
दिन की शुरुआत में भारतीय मेंस क्रिकेट टीम ने पाकिस्तान को फाइनल में हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया. अभिषेक शर्मा ने सात छक्के जड़ते हुए 28 गेंदों पर 61 रन ठोके, जबकि तिलक वर्मा ने 22 गेंदों पर नाबाद 51 रनों की पारी खेली, जिससे भारत ने 211/6 का स्कोर खड़ा किया. पाकिस्तान ने हसन नवाज के जरिए पलटवार किया, जिन्होंने 51 गेंदों पर 96 रन बनाए, लेकिन भारत ने धैर्य बनाए रखा और उन्हें 192/6 पर रोक दिया.
प्रणवी ने गोल्फ में रचा इतिहास
प्रणवी उर्स एशियाई खेलों में व्यक्तिगत गोल्फ स्वर्ण जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं. 23 वर्षीय प्रणवी उर्स ने तीसरे होल पर ट्रिपल बोगी के बावजूद संयम बनाए रखा और तीन बर्डी के साथ वापसी करते हुए फाइनल राउंड को इवन-पार 70 पर समाप्त किया. वह 15-अंडर 265 के स्कोर पर रहीं, जो चीन की यिन रुओनिंग से एक स्ट्रोक आगे था. प्रणवी के गोल्ड ने भारत को महिला टीम का सिल्वर मेडल जीतने में भी मदद की, जिसमें अदिति अशोक और दीक्षा डागर ने टीम को पूरा किया. इसके साथ ही एशियाई खेलों के गोल्फ में भारत का 44 वर्षों का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज हुआ.
कुमकुम ने रिकर्व तीरंदाजी में रचा इतिहास
युवा तीरंदाज कुमकुम मोहोद ने एशियाई खेलों में भारत का पहला व्यक्तिगत महिला रिकर्व गोल्ड जीतकर एक और ऐतिहासिक प्रदर्शन किया. कुमकुम ने शूट-ऑफ में दक्षिण कोरिया की ओह येजिन को 6-5 से हराया और खिताब अपने नाम करने के लिए अपने अंतिम तीर से सटीक 10-रिंग पर निशाना साधा. फाइनल तक के उनके सफर ने 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक के लिए भारत का एक व्यक्तिगत कोटा स्थान भी सुरक्षित किया.
नीरज ने जीता पुरुषों का रिकर्व ब्रॉन्ज
नीरज चौहान ने पुरुषों के व्यक्तिगत ब्रॉन्ज के मुकाबले में हमवतन धीरज बोम्मदेवरा को 6-4 से हराकर भारतीय रिकर्व तीरंदाजी के लिए एक यादगार दिन को पूरा किया. नीरज ने 2-4 से पिछड़ने के बाद निर्णायक सेट जीतकर शानदार वापसी की. वह एशियाई खेलों में व्यक्तिगत रिकर्व पदक जीतने वाले तरुणदीप राय के बाद केवल दूसरे भारतीय पुरुष तीरंदाज बने.

