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Tonk Dharmveer Win Bronze At Asian Games: टोंक के धर्मवीर चौधरी ने एशियन गेम्स में 400 मीटर रिले में कांस्य पदक जीतकर जिले का नाम रोशन किया. किसान के बेटे धर्मवीर का जयपुर से टोंक तक भव्य स्वागत हुआ. धर्मवीर के साथ फोटो लेने और उन्हें बधाई देने के लिए लोग भी आगे आए. गांव पहुंचने तक उनके स्वागत को लेकर उत्साह देखने को मिला.
धर्मवीर चौधरी ने एशियन गेम्स में जीता कांस्य, टोंक का नाम किया रोशन.
टोंक. टोंक जिले के लिए खुशी की बड़ी खबर सामने आई है. जिले के रहने वाले धर्मवीर चौधरी ने एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतकर टोंक का नाम रोशन किया है. धर्मवीर ने 400 मीटर रिले में ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया. जापान से वापस लौटने के बाद धर्मवीर का जयपुर से लेकर टोंक तक स्वागत किया गया.
जयपुर से टोंक तक हुआ स्वागत
एशियन गेम्स में देश के लिए कांस्य पदक जीतने के बाद धर्मवीर जापान से वापस भारत लौटे. इसके बाद जब वे जयपुर पहुंचे तो वहां से टोंक तक उनके स्वागत का सिलसिला चलता रहा. टोंक पहुंचने पर लोगों ने अपने जिले के इस खिलाड़ी का स्वागत किया. धर्मवीर के साथ फोटो लेने और उन्हें बधाई देने के लिए लोग भी आगे आए. गांव पहुंचने तक उनके स्वागत को लेकर उत्साह देखने को मिला.
पैतृक गांव हाड़ीखुर्द पहुंचे धर्मवीर
धर्मवीर चौधरी अपने पैतृक गांव हाड़ीखुर्द पहुंचे. किसान परिवार से आने वाले धर्मवीर के लिए गांव लौटना भी खास रहा. एशियन गेम्स में कांस्य पदक जीतकर लौटे अपने बेटे को देखने के लिए ग्रामीणों में उत्साह नजर आया. धर्मवीर की जीत की खबर पहले ही गांव और आसपास के इलाके में पहुंच चुकी थी. ऐसे में उनके पहुंचते ही लोगों ने खुशी जताई और उन्हें बधाई दी.
400 मीटर रिले में जीता ब्रॉन्ज
धर्मवीर चौधरी ने एशियन गेम्स में 400 मीटर रिले स्पर्धा में कांस्य पदक जीता है. उनकी इस उपलब्धि को टोंक जिले के लिए बड़ी कामयाबी के तौर पर देखा जा रहा है. एशियन गेम्स जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय मंच पर पदक जीतना किसी भी खिलाड़ी के लिए खास उपलब्धि होती है. धर्मवीर ने अपनी मेहनत के दम पर इस प्रतियोगिता में पदक हासिल किया और अब उनके गांव से लेकर पूरे जिले में खुशी का माहौल है.
धर्मवीर चौधरी किसान परिवार से आते हैं. उनके एशियन गेम्स में पदक जीतने के बाद टोंक के लोगों में खास उत्साह है. ग्रामीण इलाकों से निकलकर अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता तक पहुंचने वाले धर्मवीर की कहानी अब जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है. लोगों का कहना है कि धर्मवीर की जीत से टोंक के युवाओं को भी खेलों में आगे बढ़ने का हौसला मिलेगा. फिलहाल धर्मवीर के पैतृक गांव हाड़ीखुर्द में उनकी वापसी और जीत की खुशी का माहौल है. टोंक के इस खिलाड़ी की ऐतिहासिक जीत के बाद जिलेभर में बधाइयों का दौर जारी है. जयपुर से टोंक और फिर पैतृक गांव हाड़ीखुर्द तक धर्मवीर का स्वागत किया गया. एशियन गेम्स में जीता कांस्य पदक अब टोंक के लिए भी गर्व की बात बन गया है.
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आनंद पाण्डेय वर्तमान में News18 हिंदी (राजस्थान डिजिटल) में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र में अ…
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