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स्क्वाश में भारत के लिए गोल्ड मेडल की सबसे बड़ी उम्मीद और Gen Z स्टार को एशियन गेम्स में सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा. गोल्ड मेडल के मैच में अनाहत को मलेशिया की शिवसंगरी सुब्रमण्यम के खिलाफ 3-0 से हार मिली. इसके साथ ही अनाहत ओलंपिक में सीधे क्वालीफाई करने से भी चूक गईं. अनाहत से पहले मेंस सिंगल्स में अभय सिंह को भी हार मिली थी.
अनाहत सिंह गोल्ड मेडल चूकीं
नई दिल्ली: स्क्वाश में भारत की उभरती हुई स्टार 18 साल की अनाहत सिंह एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल से चूक गईं. मलेशिया की शिवसंगरी सुब्रमण्यम के खिलाफ फाइनल में अनाहत को 3-0 से हार का सामना करना पड़ा. अनाहत के खिलाफ मैच में शिवसंगरी ने फाइनल के तीनों गेम 11-4, 11-4, 11-7 से जीता. इस हार के साथ अनाहात को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा. सिर्फ इतना ही नहीं, भारत की ये Gen Z स्टार के हाथ से ओलंपिक का टिकट भी हाथ से फिसल गया. बता दें कि ओलंपिक में पहली बार स्क्वाश गेम को शामिल किया जा रहा है.
सेमीफाइनल वाले प्रदर्शन को नहीं दोहरा पाईं अनाहत
विश्व जूनियर खिताब जीतने वाली पहली भारतीय अनाहत शनिवार को जापान की दुनिया की छठे नंबर की खिलाड़ी सातोमी वातानाबे के खिलाफ सेमीफाइनल में की गई वापसी को दोहरा नहीं सकीं. अनाहत-सातोमी सेमीफाइनल को करीब से देखने वाली शिवासांगरी स्पष्ट रणनीति के साथ उतरीं और उसे पूरी तरह से अमल में भी लाईं.
मलेशियाई खिलाड़ी ने अनाहत को लगातार विनर्स लगाने का मौका नहीं दिया और लगातार आक्रमण के जरिए उन पर दबाव बनाए रखा. हालांकि अनाहत के लिए यह अभियान यादगार रहा. उन्होंने एशियाई खेलों के इतिहास में महिला एकल फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय बनने का गौरव हासिल किया.
मेंस सिंगल्स में अभय सिंह को मिली हार
अहानत से पहले स्क्वाश का मेंस सिंगल्स का फाइनल खेला गया था. मेंस सिंगल्स में अभय का मुकाबला ईन यो एनजी के खिलाफ हुआ था, लेकिन भारतीय स्टार खिलाड़ी कड़ी चुनौती पेश करने में नाकाम रहे और सीधे गेम में 9-11, 5-11, 5-11 से हार गए. पहले गेम में अभय ने जिस तरह की चुनौती पेश की उससे एक बार को लगा कि मलेशियाई खिलाड़ी के लिए आसानी से जीत नहीं मिलेगी, लेकिन आखिरी के दो गेम में अभय को वापसी का कोई मौका नहीं मिला. इस तरह मलेशिया के दोनों खिलाड़ियों ने गोल्ड पर कब्जा जमाने के साथ ओलंपिक का टिकट भी हासिल किया.
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जितेंद्र कुमार डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में बीते 10 सालों से सक्रिय हैं. वर्तमान में वह नेटवर्क 18 समूह के साथ बतौर चीफ सब एडिटर जुड़े हैं और हिंदी स्पोर्ट्स सेक्शन में अपनी…
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