दुद्धी/सोनभद्र.@मोहम्मद इब्राहिम……
— 30 दिन रोजे का ईनाम, खुशनुमा माहौल ईद के नाम

दुद्धी नगर व आसपास के ग्रामीण अंचलों में ईदुल फित्र का त्योहार ख़ुशनुमा माहौल में पूरी अकीदत और एहतराम के साथ शनिवार को मनाया गया। 30 दिन रोजे रखने के बाद मनाये जाने वाले इस पर्व को लेकर रोजेदारों में तो खुदा के ईनाम स्वरूपी त्योहार को लेकर खुशी होना लाजिमी है, मगर बेरोज़ेदारों और बच्चों में भी उतना उमंग और उत्साह देखने को मिलता है।
त्योहार के दिन हर गिले शिकवे भूलकर लोग एक दूसरे को मुबारकबाद पेश कर अपनी खुशी का इजहार करते हैं। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सुबह आठ बजे अदा की जाने वाली ईदुल फितर की नमाज को लेकर सुबह सात बजे से ही मकतब जब्बरिया ईदगाह पर अकीदतमंद ईद की नमाज पढ़ने के लिए इकट्ठा होने लगे। अपने घरों से नहा-धोकर नए परिधानों में सर पर टोपी, इस्लामी पगड़ी, साफा आदि बांधकर इत्र की खुशबू बिखेरते लोग निर्धारित समय से घंटो पूर्व ईदगाह की तरफ कूच कर गए।

हर किसी को ईदगाह में जगह न मिलने का भय सता रहा था। देखते ही देखते मकतब जब्बरिया ईदगाह नमाज शुरू होने के पूर्व खचाखच भर गया। माइक से व्यवस्था की बागडोर संभाले हाफिज तौहीद व करी उस्मान साहब ने जगह न मिल पाने के कारण बाहर खड़े नमाजियों को जामा मस्जिद में आधे घंटे बाद साढ़े आठ बजे व कादरिया गर्ल्स कॉलेज में 9 बजे अदा की जाने वाली ईद की नमाज में शामिल होने की अपील करने लगे। हाफिज मसऊद रज़ा ने रमज़ान और ईद की अहमियत व फजीलतों पर तफ्सील से तकरीर करते हुए ईदुल फित्र के नमाज की नीयत तथा तरकीब बताई।
ठीक 8 बजे ईदगाह में हज़रत नसीरे मिल्लत द्वारा ईद के दोगाने के नमाज लोगों को अदा कराई गई। इस क्रम में जामा मस्जिद दुद्धी में 8:30 बजे मौलाना नजीरुल कादरी ने दूसरे शिफ्ट में तथा कादरिया गर्ल्स कॉलेज में 9 बजे हाफिज महमूद साहब ने तीसरे व अंतिम शिफ्ट में ईद की नमाज अदा कराई। नमाज समाप्ति के उपरांत लोग एक दूसरे से गले मिलकर मुबारकबाद पेश किए। नमाज बाद लोग कब्रिस्तान जाकर अपने मरहुमीन की कब्रों पर फातेहा पढ़ी।

इस दौरा एडिशनल एसपी अनिल कुमार पुलिस उपाधीक्षक राजेश कुमार राय, प्रभारी निरीक्षक धर्मेद्र कुमार सिंह सहित भारी संख्या में पुलिस और पीएसी के जवान कस्बे सहित निमियाडीह, दीघुल, बघाडू आदि गॉवों का भ्रमण करते रहे।
नमाज के दौरान आसिफ खान फतेहमुहम्मद खान, कलीमुल्लाह खान, आदिल खान, सरफराज साह, सेराज खान इब्राहिम खान आदि जिम्मेदार लोग विभिन्न मदों का चंदा व व्यवस्था सुदृढ़ करने में मशगूल नजर आए।