शक्तिनगर/सोनभद्र.@वीरेंद्र यादव…..

“प्रकृति संरक्षण की ओर सामूहिक कदम: एनटीपीसी सिंगरौली में जल एवं गौरैया संरक्षण का सशक्त संदेश “जल संरक्षण और जैव विविधता का संगम: एनटीपीसी सिंगरौली में विश्व गौरैया दिवस एवं विश्व जल दिवस का प्रेरक आयोजन”
सिंगरौली। एनटीपीसी सिंगरौली के पर्यावरण प्रबंधन समूह द्वारा दिनांक 20 मार्च 2026 को प्रशासनिक भवन पार्क परिसर में विश्व गौरैया दिवस (थीम: “मुझे गौरैया प्रिय है”) एवं विश्व जल दिवस (थीम: “जल और लैंगिक समानता”) के अवसर पर एक भव्य, जन-जागरूकता एवं पर्यावरण संरक्षण केंद्रित कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संदीप नायक, परियोजना प्रमुख एवं कार्यकारी निदेशक, एनटीपीसी सिंगरौली रहे। अपने प्रेरणादायी संबोधन में उन्होंने कहा कि “जल संरक्षण केवल आवश्यकता नहीं, बल्कि हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। गौरैया जैसे छोटे जीवों का संरक्षण हमें प्रकृति के साथ संतुलित जीवन जीने की सीख देता है। यदि हम आज जल और पर्यावरण की रक्षा करेंगे, तो आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित कर सकेंगे।” उन्होंने सभी कर्मचारियों एवं उनके परिवारजनों से इस दिशा में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।
इस अवसर पर सी. एच. किशोर कुमार, महाप्रबंधक (प्रचालन एवं अनुरक्षण) ने अपने संबोधन में कहा कि “औद्योगिक गतिविधियों के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को संतुलित रखना अत्यंत आवश्यक है। जल के विवेकपूर्ण उपयोग और संरक्षण से ही सतत विकास संभव है। वहीं रश्मि रंजन मोहंती महाप्रबंधक (परियोजना) ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि “परियोजनाओं के क्रियान्वयन में पर्यावरणीय संवेदनशीलता को प्राथमिकता देना हमारी प्रतिबद्धता है। जल संरक्षण एवं जैव विविधता की रक्षा के लिए सामूहिक प्रयास ही वास्तविक परिवर्तन ला सकते हैं।”
कार्यक्रम में सभी विभाग प्रमुखों, कर्मचारी गण, सहयोगी संस्थाओं, पुरस्कार विजेताओं की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिससे आयोजन की गरिमा और भी बढ़ गई। कार्यक्रम के अंतर्गत जल संरक्षण शपथ, वृक्षारोपण तथा गौरैया एवं अन्य पक्षियों के संरक्षण हेतु विविध जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया। इसके अतिरिक्त कर्मचारियों एवं उनके परिवारों के लिए आयोजित “जल संरक्षण चैंपियन प्रतियोगिता” एवं “विश्व गौरैया दिवस फोटोग्राफी प्रतियोगिता” के विजेताओं को सम्मानित किया गया।

प्रतियोगिताओं के माध्यम से प्रतिभागियों को वर्षा जल संचयन, ग्रे वाटर का पुनः उपयोग, जल दक्ष उपकरणों का उपयोग तथा दैनिक जल खपत में कमी जैसे नवाचारों को अपनाने हेतु प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में एनटीपीसी कर्मचारियों के परिवारजन, यूनियन एवं एसोसिएशन के मानद प्रतिनिधिगण सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति समारोह में सम्मिलित हुए।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण एवं जैव विविधता के प्रति व्यापक जागरूकता फैलाना रहा। इस अवसर पर उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने “जल बचाएँ, पक्षियों को बचाएँ, अपना भविष्य सुरक्षित बनाएँ” का संकल्प लिया एवं पौधरोपण किया गया|
कार्यक्रम का सफल संचालन पर्यावरण प्रबंधन समूह द्वारा किया गया तथा अंत में सभी उपस्थितजनों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।