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चोपड़ा पिछले कुछ हफ्तों से पीठ की समस्या से परेशान थे और उन्होंने हमें इस बारे में सूचित किया था. उन्होंने कहा, इसने उनके प्रदर्शन को जरूर प्रभावित किया होगा लेकिन उन्हें अपने प्रदर्शन को लेकर चिंतित नहीं होना चाहिए. खेल में हार-जीत तो होती ही रहती है. इसके अलावा भाला फेंक एक ऐसा खेल है जिसमें किसी दिन हो सकता है आपका प्रदर्शन अच्छा नहीं हो और किसी और दिन बिल्कुल भी अच्छा नहीं हो. एएफआई अधिकारी के अनुसार नीरज ने विश्व चैंपियनशिप से पहले चेक गणराज्य में प्रशिक्षण के दौरान उबरी पीठ की समस्या के बारे में महासंघ को सूचित किया था
पीठ की चोट छिपाकर वर्ल्ड चैंपियनशिप में खेले नीरज चोपड़ावर्ष 2023 में पिछली प्रतियोगिता में जीते अपने स्वर्ण पदक का बचाव कर रहे नीरज फाइनल में बेहद खराब प्रदर्शन करते हुए निराशाजनक आठवें स्थान पर रहे जबकि उनके हमवतन सचिन यादव ने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए चौथा स्थान हासिल किया.
अधिकारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर कहा, ‘‘हां, यह सच है कि चोपड़ा पिछले कुछ हफ्तों से पीठ की समस्या से परेशान थे और उन्होंने हमें इस बारे में सूचित किया था. उन्होंने कहा, इसने उनके प्रदर्शन को जरूर प्रभावित किया होगा लेकिन उन्हें अपने प्रदर्शन को लेकर चिंतित नहीं होना चाहिए. खेल में हार-जीत तो होती ही रहती है. इसके अलावा भाला फेंक एक ऐसा खेल है जिसमें किसी दिन हो सकता है आपका प्रदर्शन अच्छा नहीं हो और किसी और दिन बिल्कुल भी अच्छा नहीं हो. एएफआई अधिकारी के अनुसार नीरज ने विश्व चैंपियनशिप से पहले चेक गणराज्य में प्रशिक्षण के दौरान उबरी पीठ की समस्या के बारे में महासंघ को सूचित किया था उनके वर्तमान कोच और पूर्व महान खिलाड़ी जान जेलेज्नी चेक गणराज्य के ही हैं.
फाइनल में कोई भी खिलाड़ी 90 मीटर के आंकड़े को नहीं छू पाया. नीरज पांचवें दौर के बाद 84.03 मीटर के सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ बाहर हो गए जिससे वह कुल मिलाकर आठवें स्थान पर रहे. यादव पहले प्रयास में 86.27 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ चौथे स्थान पर रहे. अधिकारी ने कहा कि यादव के प्रदर्शन से पता चलता है कि भारतीय भाला फेंक में वैश्विक स्तर पर अच्छा प्रदर्शन करने की गहराई है. आठवें स्थान पर रहने के बाद नीरज ने कहा कि यह एक अलग दिन था जब वह स्थिति को नियंत्रित नहीं कर पा रहे थे.
फाइनल के बाद नीरज ने बताया कि टोक्यो आने से पहले चेक गणराज्य में प्रशिक्षण के दौरान मुझे पीठ में तकलीफ हो गई थी और इस वजह से मैंने पिछले दो हफ्तों से ट्रेनिंग नहीं की. इसके लिए रिहैब चल रहा है. मेरी टीम यह जानती है और मैंने एएफआई को भी सूचित कर दिया है. नीरज ने कहा, ‘‘शुरुआत में हमें यह भी नहीं पता था कि मैं प्रतिस्पर्धा कर पाऊंगा या नहीं. लेकिन हमने फैसला किया कि मैं प्रतिस्पर्धा करूंगा. मैं स्वस्थ महसूस नहीं कर रहा था. पीठ की समस्या कैसे उत्पन्न हुई यह बताते हुए नीरज ने कहा, ‘‘यह घटना चार सितंबर को हुई. मैं प्रशिक्षण के दौरान गोला थ्रो कर रहा था मैं बैक थ्रो और फ्रंट थ्रो करता हूं. जब मैं फ्रंट थ्रो करने के लिए नीचे झुका तो मेरे बाईं ओर ब्लॉकिंग साइड में अचानक झटका लगा. वहां खिंचाव आ गया और मैं चल भी नहीं पा रहा था.

