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अयोध्या के स्थानीय कुम्हार परिवारों और स्वयं सहायता समूहों को दीपक बनाने का काम दिया गया है. स्थानीय स्तर पर दीपक बनाने का कार्य शुरू हो चुका है. प्रत्येक दीपक करीब 30 एमएल क्षमता का तैयार किया जा रहा है. प्रशासन की प्राथमिकता है कि दीपोत्सव के लिए अधिक से अधिक दीप स्थानीय कुम्हारों और स्वयं सहायता समूहों से ही लिए जाएं, ताकि स्थानीय लोगों को रोजगा
अयोध्या: रामनगरी में इस बार दीपोत्सव को पहले से अधिक भव्य और आकर्षक बनाने की तैयारी तेज हो गई है. दीपोत्सव में दो विश्व रिकॉर्ड बनाने की योजना पर काम किया जा रहा है. एक ओर लाखों दीपों से नया विश्व रिकॉर्ड बनाने की तैयारी है, वहीं दूसरी ओर एक साथ भव्य सरयू आरती के जरिए भी रिकॉर्ड कायम करने की योजना है. इसके लिए प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं. इतना ही नहीं, इस बार के दीपोत्सव में श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए कई आकर्षक चीजों को भी शामिल किया जा रहा है.
स्थानीय कुम्हारों और स्वयं सहायता समूहों को मिला काम
अयोध्या के स्थानीय कुम्हार परिवारों और स्वयं सहायता समूहों को दीपक बनाने का काम दिया गया है. स्थानीय स्तर पर दीपक बनाने का कार्य शुरू हो चुका है. प्रत्येक दीपक करीब 30 एमएल क्षमता का तैयार किया जा रहा है. प्रशासन की प्राथमिकता है कि दीपोत्सव के लिए अधिक से अधिक दीप स्थानीय कुम्हारों और स्वयं सहायता समूहों से ही लिए जाएं, ताकि स्थानीय लोगों को रोजगार भी मिले.
दीपोत्सव की तैयारियों को लेकर प्रशासन सक्रिय
अयोध्या के सीडीओ कृष्ण कुमार ने बताया कि आगामी दीपोत्सव को लेकर तैयारियां प्रारंभ हो चुकी हैं. मंडलायुक्त और जिलाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक हो चुकी है. हाल ही में एसीएस पर्यटन ने भी अयोध्या का स्थलीय निरीक्षण किया और राम की पैड़ी समेत प्रमुख स्थलों पर समय से काम पूरा कराने के निर्देश दिए हैं. रामकथा पार्क के सौंदर्यीकरण पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है.
लेजर और ड्रोन शो को बनाया जाएगा भव्य
दीपोत्सव के दौरान इस बार भी लेजर शो और ड्रोन शो का आयोजन होगा, लेकिन इन्हें पिछले वर्षों की तुलना में अधिक भव्य बनाने की योजना है. इसके अलावा प्रदर्शनी और विभिन्न विभागों के सहयोग से झांकियां भी प्रदर्शित की जाएंगी. पिछले वर्ष 22 झांकियां निकाली गई थीं और इस बार भी सूचना एवं संस्कृति विभाग के सहयोग से झांकियों का प्रदर्शन होगा.
सरयू आरती में भी रिकॉर्ड बनाने की तैयारी
सरयू आरती भी दीपोत्सव का प्रमुख आकर्षण होगी. पिछले वर्ष 2128 लोगों ने एक साथ सरयू आरती में हिस्सा लिया था. इस बार भी इसे एजेंडा में शामिल किया गया है और पहले से अधिक भव्य आयोजन की तैयारी है. प्रशासन का लक्ष्य दीपों और सरयू आरती, दोनों के माध्यम से अयोध्या के दीपोत्सव को नए रिकॉर्ड के साथ यादगार बनाना है.
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विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-…
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