@जे0 के0……
— विधायक ने ग्रामीणों से फोन पर पानी मिलने की ली जानकारी
— पटवध पेयजल परियोजना की धीमी रफ्तार,साढ़े चार प्रतिशत पूरा हुआ कार्य

Sonbhadra । धीरे-धीरे जैसे गर्मी प्रचंड रूप ले रही है वॉटर क्राइसिस की समस्या बढ़ती जा रही है, जनपद सोनभद्र में जहां पानी की समस्या विकराल रूप ले रही है तो वहीं ग्रामीणों ने विधायक को भी घेरना शुरू कर दिया है, ग्रामीणों की शिकायत पर क्षेत्र में पहुंचे विधायक ने पेयजल योजना से पानी न मिलने पर कंपनी के लोगों को चेताया और कहा कि पानी तो हर हाल में देना होगा नहीं तो कंपना
बना देंगे और किसी को यहां जाने नहीं दूंगा। विधायक ने फोन पर ग्रामीणों से पानी मिलने की जानकारी ली।
मामला पटवध पेयजल योजना से जुड़ा है जहां विधानसभा राबर्ट्सगंज के ग्रामीणों ने विधायक भूपेश चौबे से पानी न मिलने की शिकायत की थी, जिस पर विधायक भूपेश चौबे गांव में इंटक वाल पर पहुंचे, इस दौरान कार्यदाई संस्था के अधिकारी कर्मचारियों के साथ ही अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे रोहित यादव को मौके पर बुला लिया, विधायक काफी समय तक खुद धूप में खड़े रहे और कंपनी के लोगों को भी धूप में खड़ा कराया, कार्य संस्था के साथ-साथ अपर जिला अधिकारी नमामि गंगे विधायक के साथ धूप में खड़े नजर आए ।

विधायक ने बताया की कार्यदाई संस्था के लोगों ने गोल-गोल बहुत घुमाया है और अभी तक सही से पानी नहीं दे पाए, विधायक ने अपने क्षेत्र के कई ग्रामीणों को फोन कर पेयजल योजना से हो रही पानी की सप्लाई के बारे में पूछा, विधायक भूपेश चौबे ने कहा कि कुल 647 गांवों के पानी देने के कार्य कंपनी द्वारा किया जाना है, जिले की सबसे बड़ी यह पटवध पेयजल योजना है पूर्व में भी अधिकारियों संग समीक्षा की गई थी कंपनी के लोगों ने गोलमोल घुमाया है, आज वस्तु स्थिति को देखने के लिए मैं क्षेत्र में पहुंचा हूं, कुछ समस्याएं सामने आई है, जिन्हें अधिकारियों से बात की गई है, पानी देना ही है इस कंपनी को, और तय समय दिसंबर 26 तक कंपनी के लोगों को पानी हर हाल में देना है, नहीं दे पाए तो कंपनी को कंपना बना देंगे और यहां से लोगो को जाने नहीं दूंगा, आगे कहा कि प्रधानमंत्री के सपनों को हर हाल में पूरा करना ही होगा।
निरीक्षण के दौरान सामने आई हकीकत ने अधिकारियों की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विधायक ने अधिकारियों को एसी कमरों से बाहर निकलकर जमीनी स्थिति समझने की नसीहत दी और काम में तेजी लाने के निर्देश दिए। बता दें कि कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत इस महत्वाकांक्षी योजना का शिलान्यास 22 नवंबर 2020 को नरेंद्र मोदी द्वारा वर्चुअल माध्यम से किया गया था। योजना का उद्देश्य जिले के 650 गांवों में हर घर नल से जल पहुंचाना है। और पटवध पेयजल योजना की लागत 803.06 करोड़ रुपए बताई जा रही है।